PM मोदी और सरकार के खिलाफ लिखने वालों के अकाउंट सस्पेंड
X Accounts Withheld India: केंद्र सरकार की आलोचना करने वाले कई एक्स (पूर्व में ट्विटर) हैंडल भारत में रोक दिए गए हैं। इनमें पत्रकार और एक्टिविस्ट संदीप सिंह, लोकप्रिय पैरोडी अकाउंट, मनीष आरजे और डॉ. रंजन के अकाउंट शामिल हैं। इन सभी पेजों पर अब संदेश दिख रहा है: “कानूनी मांग के जवाब में इस अकाउंट को भारत में रोक दिया गया है।”
हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि इन आदेशों के पीछे सटीक वजह क्या है। ये अकाउंट अक्सर अपने पोस्ट और व्यंग्यात्मक कार्टून के जरिए अल्पसंख्यकों के साथ केंद्र सरकार के व्यवहार, ईरान पर इजराइल-अमेरिका के हमले, भारत में एलपीजी संकट और अन्य संवेदनशील मुद्दों पर आलोचनात्मक दृष्टिकोण रखते रहे हैं।
हालिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यूजर्स को ‘भारत में रोका गया’ जैसे सामान्य नोटिस या आईटी एक्ट की धारा 69ए के तहत ईमेल मिल रहे हैं, जिनमें अक्सर स्पष्ट कारण नहीं बताया जाता। स्वतंत्र रिपोर्टिंग में सामने आया है कि हटाए गए कंटेंट में राजनीतिक, व्यंग्यात्मक और आलोचनात्मक पोस्ट शामिल हैं, जबकि यह स्पष्ट रूप से अवैध नहीं हैं।
इस ताजा कार्रवाई की एक्स पर कई पत्रकारों, राजनेताओं और यूजर्स ने आलोचना की है। पब्लिक पॉलिसी शोधकर्ता और इंटरनेट फ्रीडम फाउंडेशन (IFF) के पूर्व कार्यकारी निदेशक प्रतीक वाघरे ने कहा कि एक्स पर अकाउंट पर पाबंदियों में तेजी आई है। उन्होंने लिखा कि ऐसा लगता है कि हम प्रतिबंधों/सस्पेंशन की नई लहर देख रहे हैं और अब तक 42 उदाहरण सामने आए हैं।
विशेष रूप से हाल के दिनों में प्रधानमंत्री मोदी या सरकार की आलोचना करने वाले अकाउंट्स के खिलाफ कार्रवाई तेज हुई है। इसमें पीएम के इजराइल दौरे, ईरान पर हमलों की चुप्पी, ईरानी नेतृत्व की हत्या और भारत के पास अमेरिकी हमले में ईरानी नौसैनिक जहाज के डूबने जैसे घटनाक्रम शामिल हैं।
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इंटरनेट फ्रीडम फाउंडेशन ने इस पर चिंता जताई है और कहा है कि भारत में पोस्ट और अकाउंट्स को रोके जाने की लगातार खबरें मिल रही हैं। आईएफएफ ने विशेष रूप से कहा: “फेसबुक, एक्स और इंस्टाग्राम पर भारत में पोस्ट और अकाउंट्स को रोके जाने की खबरें चिंताजनक हैं, जिनमें सरकार की आलोचना और व्यंग्य शामिल हैं।”