B Nagendra Resignation: कौन हैं बी नागेंद्र, डीके शिवकुमार कैबिनेट से क्यों दिया इस्तीफा; जानें सबकुछ

B. Nagerndra Resigned: कर्नाटक सरकार में मंत्री बी नागेंद्र ने शुक्रवार शाम अपने पद से इस्तीफे की घोषणा कर दी। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान वह रोते हुए नजर आए। आखिर उन्होंने इस्तीफा क्यों दिया?
b nagendra resignation from karnataka cabinet
बी नागेंद्र(सोर्स- सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Karnataka Cabinet Minister B. Nagerndra Resigned: मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार की नेतृत्व वाली कर्नाटक सरकार में मंत्री बी नागेंद्र ने शुक्रवार शाम अपने पद से इस्तीफे की घोषणा कर दी। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान वह रोते हुए नजर आए। राज्य की मुख्य विपक्षी पार्टी बीजेपी द्वारा लगातार भ्रष्टाचार के आरोपों के दबाव के बाद सिर्फ 25 दिनों के भीतर ही उन्हें मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा।

यह दूसरी बार है जब नागेंद्र ने इस विवाद को लेकर राज्य कैबिनेट से इस्तीफा दिया है। इससे पहले उन्होंने वाल्मीकि कॉर्पोरेशन से फंड के बिना इजाजत के इस्तेमाल के आरोपों के बाद जून 2024 में सिद्धारमैया सरकार से इस्तीफा दिया था।

डीके शिवकुमार कैबिनेट में हुई थी वापसी

गौरतलब है कि सिद्धारमैया के बाद डीके शिवकुमार के मुख्यमंत्री बनने के बाद बी नागेंद्र की कैबिनेट में वापसी हुई थी। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भावुक बी नागेंद्र ने पत्रकारों से कहा कि आज मैं अपनी मर्जी से मंत्री पद से इस्तीफा दे रहा हूं। उन्होंने दावा किया कि उन्हें दलित होने की वजह से निशाना बनाया जा रहा है।

नागेंद्र ने आरोप लगाया कि मनुवादियों (जाहिर तौर पर BJP की ओर इशारा करते हुए) ने मुझे निशाना बनाया क्योंकि वे नहीं चाहते थे कि देश में कोई आदिवासी आगे बढ़ें।

कौन हैं बी नागेंद्र?

बी. नागेन्द्र एक राजनीतिज्ञ हैं और वह कर्नाटक सरकार में मंत्री रह चुके हैं। वर्तमान समय में वे बेल्लारी रूरल विधानसभा सीट से कांग्रेस के विधायक हैं। इससे पहले वे कुडलिगी विधानसभा सीट से निर्दलीय विधयाक रहे चुके हैं। वहीं, इसी सीट पर 2013 में बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़कर पहली बार विधायक बने थे। हालांकि, 2013 में भाजपा छोड़कर वह कांग्रेस में शामिल हो गए। बी नागेंद्र अनुसूचित जनजाति (ST) वाल्मीकि नायक समुदाय से आते हैं। वह खनन माफिया जनार्दन रेड्डी के पूर्व करीबी सहयोगी बताए जाते हैं।

b nagendra infographics
कौन हैं बी नागेंद्र?(सोर्स- AI जेनरेटेड इमेज)

वह बेल्लारी माइनिंग एरिया से आयरन ओर के गैर-कानूनी ट्रांसपोर्टेशन में शामिल थे। साल 2024 के वाल्मीकि डिपार्टमेंट फंड स्कैम में भी उनका नाम था। जिसके आरोप में वे जेल भी जा चुके हैं। 2023 के विधानसभा चुनाव में बेल्लारी रूरल से BJP नेता और कर्नाटक के पूर्व परिवन मंत्री बी श्रीरामुलु को 29,500 वोटों से हराया।

बी नागेंद्र ने क्यों दिया इस्तीफा?

बी नागेंद्र ने महर्षि वाल्मीकि शेड्यूल्ड ट्राइब डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन में पैसे की गड़बड़ियों में कथित तौर पर शामिल होने को लेकर बढ़ते दबाव के बीच इस्तीफा दिया है। उन्होंने कहा कि कहा कि वह बेकसूर हैं और विपक्ष ने उन्हें गलत तरीके से निशाना बनाया है। उन्होंने कहा कि मैं अपनी मर्जी से इस्तीफा दे रहा हूं, ताकि विपक्षी पार्टी के मेरे खिलाफ लगाए गए बेवजह के आरोपों के कारण मेरी पार्टी को होने वाली शर्मिंदगी से बचा जा सके।

बी नागेंद्र ने आगे कहा कि यह तब हुआ जब भारतीय जनता पार्टी और JD(S) कथित स्कैम को लेकर नागेंद्र के इस्तीफे की मांग कर रहे थे और उन्होंने 1 से 10 सितंबर तक रायचूर से बल्लारी तक पैदल मार्च निकालने की योजना बनाई थी। विपक्ष ने मानसून सत्र के दौरान कर्नाटक विधान सभा के अंदर और बाहर बार-बार विरोध प्रदर्शन भी किया था, जिसे लगातार हंगामे के बीच 24 अगस्त को तीन दिन छोटा करके अनिश्चित काल के लिए स्थगित कर दिया गया था।

वाल्मीकि स्कैम क्या है?

वाल्मीकि स्कैम का मतलब है कर्नाटक महर्षि वाल्मीकि शेड्यूल्ड ट्राइब्स डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड से फंड का कथित तौर पर गैर-कानूनी ट्रांसफर, जो मंत्री के डिपार्टमेंट के एडमिनिस्ट्रेटिव कंट्रोल में एक सरकारी संस्था है।

b nagendra resignation from karnataka cabinet
कर्नाटक वाल्मीकि निगम मामले में घिरे नागेंद्र, BJP ने बनाया दबाव, इस्तीफे की अटकलों पर खुद दिया जवाब

ये कथित गड़बड़ियां 26 मई, 2025 को अकाउंट्स सुपरिटेंडेंट चंद्रशेखर पी की आत्महत्या के बाद सामने आईं। अपने डेथ नोट में चंद्रशेखर ने आरोप लगाया कि कॉर्पोरेशन के 187 करोड़ रुपये उसके बैंक अकाउंट से बिना इजाजत के ट्रांसफर कर दिए गए थे।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com