NEET Re-Exam Row: Telegram बैन पर भड़के राहुल गांधी, बोले- अगला नंबर WhatsApp का होगा क्या?
Rahul Gandhi Statement: NEET री-एग्जाम से पहले टेलीग्राम पर लगाए गए अस्थायी प्रतिबंध को लेकर राहुल गांधी ने केंद्र सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा, छात्रों को परेशान किया जा रहा है।
- Written By: दिव्या सिंह
कांग्रेस नेता राहुल गांधी(सोर्स- सोशल मीडिया)
Rahul Gandhi on Telegram Ban: NEET री-एग्जाम से पहले केंद्र सरकार द्वारा टेलीग्राम पर लगाए गए अस्थायी प्रतिबंध को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इस फैसले की आलोचना करते हुए कहा कि सरकार पेपर लीक के असली दोषियों पर कार्रवाई करने के बजाय छात्रों को निशाना बना रही है।
राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा कि लाखों छात्र वर्षों से टेलीग्राम का उपयोग पढ़ाई, नोट्स, टेस्ट सीरीज, चर्चा और परीक्षा की तैयारी के लिए करते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि कुछ लोगों ने प्लेटफॉर्म का दुरुपयोग किया है तो पूरे प्लेटफॉर्म को बंद करना समाधान कैसे हो सकता है। राहुल गांधी ने लिखा, ‘टेलीग्राम बैन मोदी सरकार का पेपर लीक रोकने का नया नुस्खा है। चोर को पकड़ने के बजाय पीड़ित के घर पर ताला लगा दिया गया है।’
‘Telegram Ban’ – मोदी सरकार का पेपर लीक रोकने का नया नुस्खा। यानी चोर को पकड़ने के बजाय, पीड़ित के घर पर ताला लटका दो। लाखों छात्र सालों से Telegram पर पढ़ते हैं – नोट्स, टेस्ट सीरीज़, डिस्कशन, तैयारी। वो सुविधा छीन लेना पेपर लीक का समाधान कैसे हुआ? और यह फूलप्रूफ भी नहीं है… https://t.co/LkiRN1oLTj — Rahul Gandhi (@RahulGandhi) June 17, 2026
सम्बंधित ख़बरें
नीट के दबाव में बुझती जिंदगी! एक और छात्रा ने किया सुसाइड, दिल्ली में NEET एग्जाम की कर रही थी तैयारी
न ढंग की शिक्षा, न रोजगार; अब कॉकरोच ही देंगे व्यवस्था को जवाब- नागपुर में अभिजीत दीपके की हुंकार
BREAKING: बैन के खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट पहुंचा टेलीग्राम, आज होगी सुनवाई
NEET री-एग्जाम से पहले Telegram बैन, भड़के CEO Pavel Durov बोले – 15 करोड़ यूजर्स को मिल रही सजा
‘क्या अगला बैन WhatsApp पर लगेगा?’
कांग्रेस नेता ने तंज कसते हुए कहा कि यदि इसी तरह प्लेटफॉर्म्स पर प्रतिबंध लगाया जाएगा तो अगला कदम WhatsApp पर बैन लगाने का हो सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार दिखावटी कदम उठा रही है, जबकि पेपर लीक की समस्या की जड़ पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही।
सरकार की निगरानी में फल-फूल रहा पेपर लीक माफिया
राहुल गांधी ने कहा कि परीक्षा के दिन छात्रों की सख्त जांच होगी, सुरक्षा के बड़े-बड़े इंतजाम किए जाएंगे, लेकिन पेपर लीक कराने वाले नेटवर्क पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होगी। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक माफिया युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहा है और सरकार उसे रोकने में विफल रही है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नाम लिए बिना राहुल गांधी ने कहा कि दिखावटी कदमों की बजाय पेपर लीक नेटवर्क और माफिया पर सीधी कार्रवाई की जानी चाहिए।
टेलीग्राम के संस्थापक ने भी जताई नाराजगी
टेलीग्राम के संस्थापक पावेल डुरोव ने भी भारत सरकार के फैसले की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि कुछ यूजर्स की गतिविधियों के कारण करोड़ों सामान्य उपयोगकर्ताओं को प्रभावित करना उचित नहीं है। उनका कहना है कि प्लेटफॉर्म पर प्रतिबंध लगाने से लीक की घटनाएं बंद नहीं होतीं, बल्कि ऐसी गतिविधियां दूसरे प्लेटफॉर्म्स पर स्थानांतरित हो जाती हैं।
CEO बोले- सैकड़ों चैनल पहले ही हटाए जा चुके
वहीं, इससे पहले टेलीग्राम के CEO ने कहा कि कंपनी ने हाल के सप्ताहों में परीक्षा सामग्री और उससे जुड़े कथित स्कैम फैलाने वाले सैकड़ों चैनल और ग्रुप्स को हटाया है। उन्होंने बताया कि प्लेटफॉर्म पर एडिटेड कंटेंट की पहचान को अधिक स्पष्ट बनाया जा रहा है ताकि बैकडेटिंग और फर्जी दस्तावेजों से जुड़े स्कैम रोके जा सकें।
ये भी पढ़ें- NEET विवाद पर खड़गे का बड़ा हमला: शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग, टेलीग्राम ब्लॉक करने पर उठाए सवाल
कंपनी का कहना है कि अस्थायी प्रतिबंध भी समस्या का स्थायी समाधान नहीं है और इसके बजाय गलत गतिविधियों में शामिल खातों और चैनलों के खिलाफ लक्षित कार्रवाई अधिक प्रभावी होगी।
