सरकारी दफ्तरों में अभी भी चीन की 'जासूसी'? Rahul Gandhi के खुलासे से मचा हड़कंप, मोदी सरकार से मांगा जवाब

Rahul Gandhi News: राहुल गांधी का केंद्र पर तीखा हमला: सरकारी इमारतों में क्यों लगे हैं चीनी CCTV कैमरे? विदेशी AI प्लेटफॉर्म और डेटा सुरक्षा पर उठाए गंभीर सवाल। जानें पूरी खबर।
Rahul Gandhi
कांग्रेस नेता राहुल गांधी, (सोर्स- सोशल मीडिया)
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Rahul Gandhi on Chinese CCTV Cameras: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया के माध्यम से केंद्र सरकार पर गंभीर सवाल उठाए हैं, खासकर चीनी CCTV कैमरों और विदेशी AI प्लेटफार्मों के इस्तेमाल को लेकर। उन्होंने कहा कि सरकार ने भले ही आम नागरिकों के लिए चीनी CCTV कैमरों के उपयोग पर रोक लगा दी हो, लेकिन सरकारी इमारतों में अभी भी इन कैमरों का इस्तेमाल जारी है।

राहुल गांधी( Rahul Gandhi) ने पोस्ट कर लिखा, "सरकार ने विदेशी AI प्लेटफॉर्मों को संवेदनशील डेटा प्रोसेस करने का अधिकार दे रखा है और सरकार के पास इस पर कोई जवाब नहीं है। मैंने संसद में इलेक्ट्रॉनिक्स और IT मंत्रालय से सवाल किए थे, लेकिन उन्होंने उन सवालों का कोई उचित जवाब नहीं दिया।"

राहुल गांधी के सवाल

राहुल गांधी ने सरकार से सवाल किया था कि:

  • हमारे CCTV कैमरे किस देशों से आए हैं?
  • इनमें से कितने कैमरे सुरक्षा की दृष्टि से प्रमाणित हैं?
  • कौन से विदेशी AI प्लेटफॉर्म सरकारी डेटा को प्रोसेस कर रहे हैं?
  • कौन से प्रतिबंधित ऐप्स अब भी बदले हुए नामों के साथ चल रहे हैं?

राहुल गांधी( Rahul Gandhi) के अनुसार, मंत्रालय ने न तो कोई संख्या दी और न ही किसी एक प्लेटफार्म का नाम बताया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर भारत को इस बारे में अंधेरे में रखने की साजिश कर रही है। उन्होंने कहा, "यह मोदी सरकार की नाकामी को छिपाने की कोशिश है, जो हर नागरिक की सुरक्षा को खतरे में डाल रही है।"

दिल्ली में CCTV हटाने का मुद्दा

दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं के चलते चीनी निर्मित CCTV कैमरों को चरणबद्ध तरीके से हटाने का निर्णय लिया है। लोक निर्माण विभाग (PWD) के मंत्री प्रवेश वर्मा ने कहा कि दिल्ली में लगे 2.7 लाख CCTV कैमरों में से 1.4 लाख कैमरे चीन में बने थे, जिन्हें अब बदलने की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। पहले चरण में (सितंबर 2020 से नवंबर 2022) इन कैमरों को हटाया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में (जून 2025 से मार्च 2026) चीनी कैमरों के स्थान पर दूसरे देशों के कैमरे लगाए जाएंगे।

हालांकि, सरकारी इमारतों में अभी भी चीनी कैमरों का इस्तेमाल जारी है, जिस पर सवाल उठ रहे हैं। राहुल गांधी ने इस पर भी चिंता जताई और पूछा कि सरकार इन कैमरों को हटाने के लिए क्यों कदम नहीं उठा रही है।

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