दुनिया का सिरमौर कैसे बनेगा भारत? अनुप्रिया पटेल ने बताया स्वास्थ्य और सुशासन का पूरा रोडमैप

Navbharat Conclave: केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने नवभारत के मंच पर स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार, 'होल ऑफ गवर्नमेंट' अप्रोच और जन-भागीदारी को देश की प्रगति का मुख्य आधार बताया है।
How will India become a global leader? Anupriya Patel outlines the complete roadmap for health and good governance.
अनुप्रिया पटेल, फोटो- नवभारत
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Anupriya Patel In Navbharat Conclave: आजादी के 100 साल पूरे होने तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प अब एक नई गति पकड़ चुका है। 'नवभारत कॉन्क्लेव' के मंच से केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी साख तेजी से बढ़ा रहा है और अब देश किसी भी वैश्विक शक्ति से पीछे रहने को तैयार नहीं है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि 'विकसित भारत @ 2047' का सपना केवल एक सरकारी लक्ष्य नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय संकल्प है जिसे सरकार और समाज को मिलकर सिद्ध करना होगा।

सुशासन का नया मॉडल

पिछले 12 वर्षों में भारत की कार्य संस्कृति में क्रांतिकारी बदलाव आया है। पहले जहां मंत्रालय अलग-अलग (साइलोस में) काम करते थे, वहीं अब 'होल ऑफ गवर्नमेंट' का मॉडल अपनाया गया है। इस मॉडल के तहत सभी विभाग एक ही लक्ष्य 146 करोड़ नागरिकों की सेवा के लिए एकजुट होकर काम करते हैं। अनुप्रिया पटेल ने इसे 'होल ऑफ सोसाइटी' का नाम दिया, जहां सरकारी प्रयासों के साथ जन-भागीदारी जुड़कर बड़े लक्ष्यों को हासिल करती है।

1.84 लाख आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का जाल

विकसित भारत के लिए नागरिकों का स्वस्थ होना अनिवार्य है। वर्तमान में मोटापा, डायबिटीज और कैंसर जैसी जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों (NCDs) की चुनौती बढ़ रही है। इनसे निपटने के लिए सरकार ने देश भर में 1,84,000 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का नेटवर्क तैयार किया है। यहाँ 30 वर्ष से अधिक आयु के लोगों की मुफ्त जांच की जा रही है, जो दुनिया का सबसे बड़ा 'पॉपुलेशन बेस्ड स्क्रीनिंग प्रोग्राम' है।

How will India become a global leader? Anupriya Patel outlines the complete roadmap for health and good governance.
अनुप्रिया पटेल, फोटो- नवभारत

बीमारियों की रोकथाम और जीवनशैली में बदलाव सरकार केवल उपचार पर नहीं, बल्कि बचाव  पर भी ध्यान दे रही है। 'ईट राइट इंडिया' और 'फिट इंडिया' जैसे अभियानों के जरिए संतुलित आहार और शारीरिक सक्रियता को बढ़ावा दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने स्वयं कम तेल, नमक और चीनी के उपयोग का आह्वान किया है। वहीं, योग को 'जीरो बजट हेल्थ एश्योरेंस' के रूप में एक जन-आंदोलन बनाया गया है।

टीबी मुक्त भारत का संकल्प

महिलाओं के स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशीलता दिखाते हुए सरकार ने सर्वाइकल कैंसर के खिलाफ 'एचपीवी वैक्सीनेशन' कार्यक्रम शुरू किया है। 9 से 14 वर्ष की 1.20 करोड़ बच्चियों के लक्ष्य में से अब तक 45 लाख का टीकाकरण हो चुका है। इसके अलावा, भारत ने 2025 तक टीबी मुक्त होने का साहसी लक्ष्य रखा है।

आधुनिक एआई तकनीक और आर्थिक सहायता के चलते टीबी से होने वाली मौतों में 25% की कमी आई है। अनुप्रिया पटेल ने आगे कहा कि भारत अब रुकने वाला नहीं है और स्वास्थ्य, शिक्षा तथा उद्यम के क्षेत्रों में हो रहे ये बदलाव 2047 के स्वर्णिम भारत की मजबूत नींव रख रहे हैं।

https://youtu.be/LUtQdWkQpm8?si=q7DUoiGMVFuVfuhB

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