

गुजरात के एकता नगर में सरदार पटेल की 151वीं जयंती पर आयोजित हुआ राष्ट्रीय एकता दिवस कार्यक्रम।
पीएम मोदी बोले- देश बड़े संकल्प लेगा तो रुकावटें आएंगी, लेकिन भारत अब रुकने वाला नहीं है।
नक्सलवाद, दिमागी नक्सलवाद, राष्ट्रीय सुरक्षा और विपक्ष की राजनीति पर प्रधानमंत्री ने रखे अपने विचार।
10 Key Points From PM Modi Speech On National Unity Day: देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 31 अक्टूबर को गुजरात के एकता नगर में सरदार बल्लभ भाई पटेल की जयंती (राष्ट्रीय एकता दिवस) के अवसर पर देश को संबोधित किया। यह कार्यक्रम सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती के मौके पर आयोजित हुआ। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रीय एकता, देश की सुरक्षा, नक्सलवाद, विकास और विपक्ष की राजनीति जैसे मुद्दों पर अपनी बात रखी।
उन्होंने कहा कि देश जब भी बड़े संकल्प लेगा और बड़े फैसले करेगा, तो रुकावटें आएंगी, लेकिन भारत अब रुकने वाला नहीं है। पीएम ने संबोधन के दौरान दिमागी नक्सली, राष्ट्रीय एकता, विपक्ष, नक्सलवाद जैसे मुद्दे पर अपनी बात रखी। पीएम मोदी ने किन प्रमुख बिंदुओं पर अपनी बात रखी, 10 बिंदुओं में समझे पीएम के संबोधन की प्रमुख बातें।
पीएम मोदी ने कहा कि देश जब भी बड़े संकल्प लेगा और बड़े फैसले करेगा, तो रुकावटें आएंगी। तूफानों से भी लड़ना पड़ेगा, लेकिन भारत अब रुकने वाला नहीं है। उन्होंने आगे कहा भारत की अर्थव्यवस्था मजबूत हुई है। विश्व जहां आर्थिक मंदी की दौर से गुजर रहा है वहीं भारत की विकास दर दुनिया के मिशाल है।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे को लेकर विपक्ष द्वारा किए जा रहे विरोध प्रदर्शन को लेकर पीएम ने कहा देश की जनता सब देख रही है। व्यापार को घाटा हो रहा है। पीएम मोदी ने कहा कि देश का विपक्ष अब विरोध पक्ष नहीं, बल्कि अवरोध पक्ष बन गया है।
पीएम मोदी ने विपक्ष पर राजनीतिक हताशा और निराशा में देश के विकास के रास्ते में रुकावटें पैदा करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा दिल्ली समेत देशभर में हो रहे विरोध प्रदर्शन के कारण देश की अर्थव्यवस्था के साथ-साथ व्यापार में हो रहे घाटे को सरकार के साथ-साथ आम-जनता को भुगतना पड़ रहा है।
पीएम ने कहा कि कुछ ताकतें लगातार देश में विभाजन पैदा करने की साजिश कर रही हैं। ऐसी ताकतों के खिलाफ पूरे देश को एकजुट होना होगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि मार्च 2026 तक देश का कोई भी जिला नक्सलवाद से प्रभावित नहीं रह गया। नक्सलवाद की कमर तोड़ दी गई है। उन्होंने आगे कहा जो वादा जनता से किया गया था, उस वादे के मुताबिक सरकार ने योजना बनाकर काम किया।
पीएम मोदी ने कहा कि दूरदराज के इलाकों से नक्सलवादियों का अंत किया गया है, लेकिन दिमागी नक्सलियों का खतरा अभी भी देश से टला नहीं है। उन्होंने आगे कहा से दिमागी नक्सली देश को तोड़ने की कोशिश लगातार कर रहे है, लेकिन ये सफल नहीं होंगे।
पीएम मोदी ने नक्सलवाद के खिलाफ लंबे समय से जारी लड़ाई में भारतीय सुरक्षा बलों के अदम्य साहस, शौर्य और बलिदान को याद किया। उन्होंने कहा कि देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत बनाने और नक्सलवाद के खात्मे के लिए जवानों ने बड़ी कीमत चुकाई है। कई वीर जवानों ने देश की एकता और अखंडता की रक्षा करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी। उनका यह बलिदान देश कभी नहीं भूलेगा।
पीएम मोदी ने कहा कि कभी नक्सलवाद और हिंसा के साये में रहने वाले देश के कई इलाके अब तेजी से विकास की मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं। इन क्षेत्रों में सड़क, बिजली, मोबाइल नेटवर्क, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हो रहा है। जिन गांवों में कभी विकास पहुंचना मुश्किल था, वहां अब सरकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंच रहा है। उन्होंने कहा कि शांति और सुरक्षा स्थापित होने से इन इलाकों में विकास के नए रास्ते खुल रहे हैं और स्थानीय युवाओं को बेहतर भविष्य के अवसर मिल रहे हैं।
पीएम मोदी ने कहा कि नक्सलवाद के प्रभाव से बाहर निकल रहे इलाकों में अब युवाओं के सामने बेहतर भविष्य बनाने के नए अवसर उपलब्ध हो रहे हैं। पहले जहां हिंसा और भय के कारण शिक्षा, रोजगार और विकास की संभावनाएं सीमित थीं, वहीं अब युवा पढ़ाई, कौशल विकास, स्वरोजगार और अन्य क्षेत्रों में आगे बढ़ सकते हैं।
सरदार वल्लभभाई पटेल को याद करते हुए पीएम ने एकजुट भारत के संकल्प को दोहराया और देशवासियों से मिलकर चुनौतियों का सामना करने की अपील की।