KSU कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री के काफिले पर जूते फेंके, कांग्रेस बोली- इमोशनल रिएक्शन
- Written By: वैष्णवी वंजारी
कोच्चि : केरल छात्र संघ (KSU) के चार कार्यकर्ताओं के खिलाफ मुख्यमंत्री पिनराई विजयन (Pinarayi Vijayan) के काफिले पर जूते फेंकने के आरोप में एक मुकदमा दर्ज किया गया है। कांग्रेस नेतृत्व ने मुकदमा दर्ज किए जाने की कार्रवाई को सोमवार को खारिज करते हुए इसे भावनात्मक प्रतिक्रिया बताया।
कुरुप्पमपाडी पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 283 (सार्वजनिक रास्ते में खतरा या रुकावट पैदा करना), धारा 308 (गैर इरादतन हत्या का प्रयास), धारा 353 (सरकारी सेवक को उसके कर्तव्य पालन से रोकने के लिए हमला या उस पर आपराधिक बल का इस्तेमाल करने) समेत विभिन्न प्राविधानों के तहत एक मामला दर्ज किया है।
कांग्रेस पार्टी की छात्र इकाई केरल छात्र संघ (केएसयू) के चार चिह्नित कार्यकर्ताओं के खिलाफ रविवार को पेरुम्बवूर से कोठमंगलम जाते हुए विजयन के काफिले पर कथित तौर पर जूते फेंकने का मामला दर्ज किया गया है।
सम्बंधित ख़बरें
जितनी बड़ी चोरी, उतना बड़ा इनाम… BJP ने राहुल गांधी को याद दिलाया उनका ही पुराना बयान; केरलम में मचा बवाल
Summer Drink Recipe: क्या आपने ट्राई की केरल की पॉपुलर कुलुक्की शरबत? नोट करें रेसिपी
केरल सरकार में मंत्रालयों का बंटवारा, वीडी सतीशन खुद संभालेंगे वित्त समेत 35 विभाग, किसे क्या जिम्मेदारी मिली?
केरल सरकार का बड़ा राजनीतिक फैसला, CM सतीशन ने बंद की विवादित सिल्वर लाइन रेल परियोजना, भूमि अधिग्रहण रद्द
इस बीच, विधानसभा में विपक्ष के नेता वी डी सतीशन ने सोमवार को कासरगोड में मीडिया से कहा कि जूते फेंकना प्रदर्शन का लोकतांत्रिक तरीका नहीं है और यह भावनात्मक प्रतिक्रिया थी।
सतीशन ने कहा, ‘‘हम जूता फेंकने के कृत्य को बढ़ावा नहीं देते हैं। लेकिन टेलीविजन चैनलों पर हमारे कार्यकर्ताओं को पिटते हुए देखने के बाद यह कृत्य भावनात्मक प्रतिक्रिया नजर आता है। हम ऐसे कृत्यों को बढ़ावा नहीं देंगे। लेकिन मुख्यमंत्री महज एक जूता फेंकने के लिए हत्या के प्रयास का मामला दर्ज करा कर हमारे पुलिस विभाग का मजाक बना रहे हैं।”
इस बीच, केएसयू नेतृत्व ने उन खबरों को गलत बताया जिनमें कहा गया है कि वह प्रदर्शन के तौर पर जूते फेंकना जारी रखेगी । उसने कहा कि यह प्रदर्शन का लोकतांत्रिक तरीका नहीं है।
कांग्रेस कार्यकर्ता राज्यव्यापी ‘नव केरल सदास यात्रा’ कर रहे मुख्यमंत्री और उनके मंत्रिमंडल के सहयोगियों के खिलाफ प्रदर्शन रहे हैं।
विपक्षी पार्टी ने आरोप लगाया कि सरकार राज्य तंत्र का इस्तेमाल वाम दल के राजनीतिक अभियान के लिए कर रही है।
