

कोलकाता: कोलकाता पुलिस ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं सरकारी अस्पताल के निकट लागू निषेधाज्ञा की अवधि को अब एक और सप्ताह के लिए यानी 31 अगस्त तक बढ़ा दिया है। निषेधाज्ञा पहली बार बीते 18 अगस्त को लागू की गई थी, जिसके तहत निर्दिष्ट क्षेत्र में पांच से अधिक लोगों के एकत्र होने पर प्रतिबंध है। जारी आदेश में कहा गया कि निषेधाज्ञा लागू रहने तक संबंधित क्षेत्र में पांच से अधिक लोगों की बैठक और सभाएं फिलहाल प्रतिबंधित रहेंगी।
इस बाबत कोलकाता पुलिस आयुक्त विनीत गोयल ने बीते शनिवार को एक बयान जारी कर कहा था कि बेलगछिया रोड-जे के मित्रा क्रॉसिंग से लेकर उत्तर कोलकाता के श्यामबाजार 'फाइव-पॉइंट क्रॉसिंग' के कुछ हिस्सों तक भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNS) की धारा 163 (2) लागू की गई है। निषेधाज्ञा की अवधि बढ़ाए जाने का उद्देश्य क्षेत्र में किसी भी प्रकार के उपद्रव को रोकना और शांति एवं व्यवस्था बनाए रखना है।
इस जारी सरकारी आदेश में कहा गया है कि निर्दिष्ट क्षेत्र में रैलियां, बैठकें, जुलूस, धरना, प्रदर्शन और पांच या अधिक व्यक्तियों की गैरकानूनी सभा निषिद्ध है। इसके साथ ही यदि कोई व्यक्ति हथियार लाता-लेजाता पाया जाता है या शांति भंग करने की कोशिश करेगा तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
यह निर्णय अस्पताल में एक महिला चिकित्सक से बलात्कार और उसकी हत्या की घटना के मद्देनजर लिया गया है। वहीं आदेश में कहा गया है कि इन प्रतिबंधों का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति को भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 223 के तहत दंडित किया जाएगा।
जालकारी दें कि कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल के सेमीनार हॉल में बीते 9 अगस्त को एक प्रशिक्षु महिला डॉक्टर का शव अर्धनग्न अवस्था में मिला था। पोस्टमॉर्टम में डॉक्टर से दुष्कर्म के बाद हत्या की पुष्टि हुई, जिसके बाद डॉक्टरों ने न्याय की मांग को लेकर देशव्यापी हड़ताल शुरू की है।
(एजेंसी इनपुट के साथ)