

नई दिल्ली: बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने महाकुंभ को लेकर अखाड़े के सुझाव को मंजूरी दे दी है। उन्होंने कहा है कि महाकुंभ में अल्पसंख्यकों का प्रवेश वर्जित होना चाहिए। उन्हें महाकुंभ में दुकानें नहीं दी जानी चाहिए। जो सनातन धर्म के बारे में नहीं जानता, वह महाकुंभ में दुकान कैसे चला सकता है?
पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने महाकुंभ में मुस्लिम समुदाय के लोगों को दुकानें न देने की अखाड़े की मांग को सही ठहराया है। पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि जो लोग राम को नहीं मानते और सनातन को नहीं मानते, उन्हें त्रिवेणी संगम जाने से क्या मतलब? अपने बयान में पंडित धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री ने और भी कई बड़ी बातें कही हैं।
उन्होंने कहा, "अखाड़ा परिषद की मांग बिल्कुल सही है। महाकुंभ में गैर हिंदुओं को दुकानें नहीं दी जानी चाहिए। इसके अलावा गैर हिंदुओं का प्रवेश भी बंद होना चाहिए। पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने अमिताभ बच्चन की फिल्म का गाना गुनगुनाया। उन्होंने कहा, 'मेरे अंगने में तुम्हारा क्या काम है', जब गैर हिंदू भगवान राम के काम नहीं आए तो महाकुंभ में उनका क्या काम है?"
बागेश्वर धाम सरकार पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने यह भी कहा कि पहले भी थूकने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। हमें ऐसे मामलों से सबक लेने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जो लोग सनातन धर्म के विषय में नहीं जानते, वे सनातनी लोगों के बीच बैठकर व्यापार भी नहीं कर सकते है। शास्त्री ने कहा कि इसीलिए वह महाकुंभ में अखाड़े के फैसले का स्वागत करते हैं।"