The Pyramid Scheme को लेकर भावुक हुए शेखर सुमन, बताया कैसे लोगों को बातों में फंसाते हैं एमएलएम नेटवर्क
The Pyramid Scheme Web Series: शेखर सुमन ने खुलासा किया कि वह एक समय एमएलएम स्कीम का हिस्सा बनने के बेहद करीब पहुंच गए थे। प्राइम वीडियो की सीरीज़ 'द पिरामिड स्कीम' से उनका जुड़ाव इसी वजह से खास है।
- Written By: सोनाली झा
शेखर सुमन (फोटो- सोशल मीडिया)
Shekhar Suman On The Pyramid Scheme: प्राइम वीडियो की वेब सीरीज ‘द पिरामिड स्कीम’ इन दिनों दर्शकों के बीच काफी चर्चा में है। यह सीरीज मल्टी-लेवल मार्केटिंग और पिरामिड स्कीम जैसे नेटवर्क्स की सच्चाई को सामने लाती है, जो लोगों को कम समय में अमीर बनने के सपने दिखाकर अपने जाल में फंसाते हैं। हालांकि अभिनेता शेखर सुमन के लिए यह कहानी सिर्फ एक मनोरंजक सीरीज नहीं है, बल्कि उनके निजी अनुभवों से भी गहराई से जुड़ी हुई है।
हाल ही में शेखर सुमन ने खुलासा किया कि वह खुद भी एक समय ऐसी ही एक स्कीम का हिस्सा बनने के बेहद करीब पहुंच गए थे। यही वजह है कि जब उन्होंने ‘द पिरामिड स्कीम’ की कहानी सुनी तो वह उससे तुरंत जुड़ाव महसूस करने लगे। अपने अनुभव को शेयर करते हुए शेखर सुमन ने बताया कि एक व्यक्ति ने उन्हें मल्टी-लेवल मार्केटिंग स्कीम के बारे में जानकारी दी थी। उस समय उन्हें इस तरह की योजनाओं के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं थी।
शेखर सुमन ने स्कीम के बारे में कही ये बात
शेखर सुमन ने कहा कि स्कीम से जुड़े लोगों ने उन्हें बड़े-बड़े सपने दिखाए और दावा किया कि इसमें बहुत पैसा कमाया जा सकता है। उन्हें बताया गया था कि यह न केवल आर्थिक रूप से फायदेमंद है, बल्कि समाज के लिए भी लाभकारी है। शुरुआत में वह उनकी बातों से प्रभावित हो गए थे और लगभग इसमें शामिल होने वाले थे, लेकिन आखिरी समय में उन्होंने खुद को रोक लिया।
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लोगों को प्रभावित करने में माहिर होते हैं ऐसे नेटवर्क
शेखर सुमन के मुताबिक, उन्होंने उन लोगों से मुलाकात की थी जो इस तरह की योजनाओं का प्रचार करते हैं। उन्होंने महसूस किया कि ऐसे लोग बातचीत और प्रस्तुति के मामले में बेहद कुशल होते हैं। वे सामने वाले व्यक्ति को प्रभावित करने और उसकी सोच को बदलने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने इन लोगों के काम करने के तरीके को करीब से समझा, तब उन्हें एहसास हुआ कि किस तरह आम लोग आसानी से इनके जाल में फंस सकते हैं।
जागरूकता फैलाना है सामाजिक जिम्मेदारी
शेखर सुमन का मानना है कि समाज को ऐसी योजनाओं के प्रति जागरूक करना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि लोगों को लालच और झूठे वादों के आधार पर फैसले नहीं लेने चाहिए। अगर इस तरह की कहानियां लोगों को सचेत कर सकें, तो यह समाज के लिए पॉजिटिव कदम होगा। ‘द पिरामिड स्कीम’ का निर्माण टीवीएफ ने किया है। यह सीरीज प्राइम वीडियो पर स्ट्रीम हो चुकी है।
