Arti Singh कम उम्र में मां को खोने का झेल चुकीं हैं दर्द, अब जताई बच्चा गोद लेने की इच्छा

Arti Singh Interview: आरती सिंह ने अपने बचपन की मुश्किलों और मां को खोने के दर्द पर खुलकर बात की। साथ ही उन्होंने बच्चा गोद लेने की अपनी इच्छा और पति के सपोर्ट के बारे में भी बताया।
Arti Singh Adoption Plan
आरती सिंह (फोटो-सोर्स,सोशल मीडिया)
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Arti Singh Adoption Plan: टीवी अभिनेत्री आरती सिंह, जो अभिनेता गोविंदा की भांजी हैं, ने अपने जीवन के संघर्षों को लेकर हाल ही में खुलकर बात की है। कम उम्र में मां को खोने का दर्द झेलने वाली आरती ने बताया कि किस तरह उन्होंने बचपन से ही कई चुनौतियों का सामना किया, लेकिन फिर भी खुद को संभालते हुए अपने करियर पर ध्यान केंद्रित किया।

आरती सिंह कई लोकप्रिय टीवी शोज जैसे ‘थोड़ा है थोड़े की जरूरत है’, ‘परिचय’ और ‘वारिस’ में नजर आ चुकी हैं। इसके अलावा वह रियलिटी शो ‘बिग बॉस’ में भी अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज करा चुकी हैं। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान उन्होंने अपने निजी जीवन और बचपन से जुड़ी कई भावुक बातें साझा कीं।

जन्म के कुछ ही समय बाद मां को खो दिया

आरती सिंह ने बताया कि उनकी मां का निधन तब हो गया था, जब वह केवल एक महीने की थीं। उनका जन्म 5 अप्रैल को हुआ था और उनकी मां ने 11 मई को अंतिम सांस ली। यह उनके जीवन का सबसे बड़ा झटका था, जिसका असर उनके बचपन पर भी पड़ा। उन्होंने बताया कि उनके पिता के निधन से पहले ही उन्हें एक करीबी महिला के पास सौंप दिया गया था, जिन्होंने उन्हें अपनी बेटी की तरह पाला। उस समय उनके भाई कृष्णा अभिषेक बहुत छोटे थे और आरती समय से पहले जन्म लेने के कारण कमजोर थीं। इसी वजह से उन्हें कई सालों तक अपने भाई से दूर रहना पड़ा।

गोद ली हुई मां से मिला भरपूर प्यार

आरती ने उस महिला के बारे में बताया, जिन्होंने उन्हें पाला। वह उनकी मां की करीबी रिश्तेदार थीं और उन्हें हमेशा भरपूर प्यार और देखभाल मिली। आरती ने कहा कि जिस तरह किसी ने उन्हें अपनाकर बड़ा किया, उसी तरह अगर वह मां नहीं बन पाईं तो वह भी एक बच्चे को गोद लेना चाहेंगी। उन्होंने कहा कि समाज अक्सर महिलाओं को उनकी उम्र और बायोलॉजिकल क्लॉक की याद दिलाता है, लेकिन उनका मानना है कि मां बनना केवल जन्म देने तक सीमित नहीं होता, बल्कि किसी बच्चे को घर और प्यार देना भी उतना ही महत्वपूर्ण है।

पति ने भी दिया पूरा साथ

आरती सिंह ने यह भी बताया कि जब उनकी मुलाकात अपने पति दीपक चौहान से हुई, तभी उन्होंने साफ तौर पर अपनी उम्र और भविष्य की योजनाओं के बारे में बात कर ली थी। उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता कि वह मां बन पाएंगी या नहीं, लेकिन उनके पति ने इस बात को बहुत सहजता से लिया।

आरती के अनुसार, उनके पति ने कहा कि दुनिया में कई ऐसे बच्चे हैं जिन्हें घर और परिवार की जरूरत है, इसलिए अगर उनका खुद का बच्चा हुआ तो भी वे एक बच्चे को गोद जरूर लेंगे।

सादगी से हुई थी शादी

आरती सिंह के पति दीपक चौहान एक बिजनेसमैन हैं। दोनों ने सादगी से मंदिर में शादी की थी, जिसमें उनके मामा गोविंदा समेत परिवार के करीबी लोग शामिल हुए थे।आज आरती सिंह अपने अतीत की कठिनाइयों को पीछे छोड़कर एक नई सोच के साथ आगे बढ़ रही हैं और उनका यह फैसला कई लोगों के लिए प्रेरणा बन सकता है।

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