एआर रहमान, सोनू निगम, हरिहरन और शान एक साथ लगाएंगे ‘हाजरी’, मुंबई में होगा संगीत का महासंगम
Mumbai Concert: एआर रहमान, सोनू निगम, हरिहरन और शान पहली बार मुंबई में एक साथ मंच साझा करेंगे। 17 जनवरी को जियो वर्ल्ड गार्डन में होने वाला ‘हाजरी’ कार्यक्रम उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान को समर्पित होगा।
- Written By: सोनाली झा
एआर रहमान, सोनू निगम, हरिहरन और शान (सोर्स: सोशल मीडिया)
Ustad Ghulam Mustafa Khan Tribute Concert: भारतीय संगीत जगत के लिए यह एक ऐतिहासिक और भावनात्मक पल होने जा रहा है। एआर रहमान, सोनू निगम, हरिहरन और शान चारों दिग्गज कलाकार पहली बार एक साथ एक मंच साझा करने जा रहे हैं। यह खास मौका होगा पद्म विभूषण से सम्मानित उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान की संगीत विरासत को समर्पित कार्यक्रम ‘हाजरी’ का चौथा संस्करण, जहां ये सभी कलाकार अपने गुरु को सुरों के जरिए श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
‘हाजरी’ का चौथा संस्करण 17 जनवरी को मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स स्थित जियो वर्ल्ड गार्डन में आयोजित किया जाएगा। यह आयोजन हर साल उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान की पुण्यतिथि पर उनके परिवार और शिष्यों द्वारा किया जाता है। इस वर्ष का कार्यक्रम इसलिए भी खास है क्योंकि पहली बार एआर रहमान के संगीत निर्देशन में सोनू निगम, हरिहरन और शान एक साथ प्रस्तुति देते नजर आएंगे। कुल मिलाकर, ‘हाजरी’ का यह संस्करण भारतीय संगीत प्रेमियों के लिए एक यादगार शाम बनने वाला है, जहां सुर, साधना और सम्मान तीनों का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा।
एआर रहमान ने कही ये बात
एआर रहमान ने इस आयोजन को लेकर कहा कि यह मेरे गुरु को दी जाने वाली मेरी दूसरी लगातार श्रद्धांजलि है। इस बार मैं उनके सम्मान में एक बेहद खास संगीत सेट तैयार कर रहा हूं। सोनू, हरिहरन और शान के साथ मंच साझा करना मेरे लिए गर्व और भावनाओं से भरा अनुभव होगा। वहीं सोनू निगम ने उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान को याद करते हुए कहा कि वह सिर्फ एक गुरु नहीं थे, बल्कि एक संस्था थे। वह हमेशा हमारे दिलों और संगीत में जीवित रहेंगे।
उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान के सम्मान में लगेगी ‘हाजरी’
हरिहरन और शान ने भी इस कार्यक्रम को लेकर अपनी भावनाएं जाहिर कीं और इसे अपने करियर का बेहद खास पल बताया। दोनों कलाकारों का कहना है कि उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान से मिली तालीम ने उनके संगीत सफर को दिशा दी है। उस्ताद गुलाम मुस्तफा खान के परिजन और इस आयोजन के आयोजक रब्बानी मुस्तफा खान और नम्रता गुप्ता खान ने कहा कि ‘हाजरी’ केवल एक संगीत कार्यक्रम नहीं, बल्कि गुरु-शिष्य परंपरा को जीवित रखने की एक सच्ची कोशिश है।
