हार के बाद भी सोशल मीडिया पर सीएम बनी हुई हैं ममता, मुख्यमंत्री का मोह बरकरार, नहीं बदली सोशल मीडिया प्रोफाइल
West Bengal Politics: बंगाल में करारी हार और विधानसभा भंग होने के बावजूद ममता बनर्जी ने सोशल मीडिया पर खुद को अभी भी मुख्यमंत्री बता रही हैं। उन्होंने अभी तक अपना प्रोफाइल नहीं बदला है।
- Written By: प्रतीक पाण्डेय
Mamata Banerjee Social Media Profile: पश्चिम बंगाल में चुनाव के नतीजे आए हफ्ता भर होने को है लेकिन सत्ता का मोह है कि छूटने का नाम नहीं ले रहा है। बंगाल की राजनीति का एक बड़ा अध्याय समाप्त हो चुका है पर सोशल मीडिया की दुनिया में अभी भी पुरानी तस्वीर ही नजर आ रही है।
बंगाल की जनता ने अपना फैसला सुना दिया है और राजभवन ने भी कानूनी प्रक्रिया पूरी कर दी है मगर पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के डिजिटल मंचों पर अभी भी मुख्यमंत्री का ही दबदबा बरकरार है। यह मामला सिर्फ एक प्रोफाइल अपडेट करने का नहीं है बल्कि यह उस जिद और राजनीतिक लड़ाई को दर्शाता है जो बंगाल के चुनावी रण के बाद भी शांत नहीं हुई है।
कुर्सी गई पर सोशल मीडिया पर अब भी सीएम हैं ममता
ममता बनर्जी के आधिकारिक फेसबुक और एक्स हैंडल पर जब आप नजर डालेंगे तो वहां आज भी माननीय मुख्यमंत्री, पश्चिम बंगाल लिखा हुआ दिखाई देगा। रोचक बात यह है कि पश्चिम बंगाल की सत्रहवीं विधानसभा को राज्यपाल ने आधिकारिक तौर पर भंग कर दिया है और तकनीकी रूप से अब वह मुख्यमंत्री नहीं रही हैं। इसके बावजूद डिजिटल दुनिया में उन्होंने अपनी पहचान बदलने से परहेज कर रखा है।
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राजभवन के आदेश से विधानसभा हुई भंग
राज्यपाल आरएन रवि ने गुरुवार को राज्य की विधानसभा को भंग करने का आदेश जारी कर दिया। सत्रहवीं विधानसभा का कार्यकाल सात मई को ही समाप्त हो गया था और संविधान के नियमों के अनुसार इसे आगे बढ़ाना मुमकिन नहीं था। राजभवन से जारी पत्र में स्पष्ट किया गया कि संविधान के अनुच्छेद 174 के तहत मिली शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह निर्णय लिया गया है। इस आदेश के साथ ही ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तीसरी सरकार का संवैधानिक अस्तित्व भी खत्म हो गया।
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राज्यपाल का यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो चुका है जिसका मतलब है कि अब राज्य में कोई विधिवत सरकार काम नहीं कर रही है। अब सबकी निगाहें उस दिन पर टिकी हैं जब नई चुनी गई अठारहवीं विधानसभा के सदस्य शपथ लेंगे और राज्य को नया मुख्यमंत्री मिलेगा।
चुनाव आयोग पर सौ सीटों की चोरी का आरोप
इस बार के चुनाव परिणाम के बाद ममता बनर्जी ने सार्वजनिक रूप से भाजपा और चुनाव आयोग पर मिलीभगत का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि उनकी सौ सीटों की चोरी की गई है और धांधली के जरिए उन्हें हराया गया है। इसी आधार पर उन्होंने इस्तीफा देने से भी साफ इनकार कर दिया था।
