

Sambit Patra Statement On INDIA Alliance: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद और राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा ने सोमवार को दिल्ली के भाजपा मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में इंडी अलायंस पर जमकर हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि विपक्षी गठबंधन में एकता नही बची है और जनता का भरोसा लगातार कम होता जा रहा है। संबित पात्रा ने आरोप लगाते हुए कहा कि इंडी अलायंस की बैठकें अब स्टेडियम से संविधान क्लब के एक कमरे में तक सिमट रह गई है।
भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि इंडी अलायंस की बैठक संविधान क्लब के एक कमरे में आयोजित की गई, जहां कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दे उठाए। उन्होंने कहा कि विपक्ष बार-बार एक ही प्रकार के आरोप दोहराता है। हार के बाद चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठाना उनकी पुरानी आदत है।
भाजपा सांसद ने कहा कि पहले इंडी अलायंस की बैठकें बड़े स्टेडियमों में आयोजित की जाती थी जहां सभी पार्टियों के नेता एकजुट होकर प्रदर्शन करते थे। लेकिन, उनकी बैठकें छोटे कमरों तक सीमित है। जिससे साफ प्रतीत होता है कि गठबंधन में दरार आ गई है। भाजपा सांसद ने आरोप लगाते हुए कहा कि जब महिला सशक्तीकरण और ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर सर्वदलीय बैठक बुलाई गई थी, तब वे उसमें शामिल नहीं हुए। और अब वे लोग सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग कर रहे हैं।
भाजपा सांसद ने ममता बनर्जी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि टीएमसी को ही देख लिजिए... पार्टी के आंतरिक मामलों पर आधिकारिक रूप से कुछ नहीं कह सकता लेकिन जो खबरें आ रही है और उनके नेताओं के बयान दिए जा रहे है उससे यह स्पष्ट है कि पार्टी के भीतर सब कुछ सामान्य नहीं है। उन्होंने कहा कि किसी पार्टी में अगर अंदरूनी कलह है तो उसे पहले अपने संगठन को मजबूत करने और अपने आंतरिक मामलों को सुधारने पर ध्यान देना चाहिए। सांसद ने कहा कि कभी कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने स्वयं ममता बनर्जी और उनकी पार्टी की कार्यशैली को पश्चिम बंगाल में भाजपा के बढ़ते प्रभाव का कारण बताया करते थे जबकि आज दोनों पार्टी एक मंच पर साथ दिखाई दे रहे हैं।
बता दें कि राजधानी दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में इंडिया गठबंधन की बैठक आयोजित की गई। जिसमें सत्तारूढ़ एनडीए गठबंधन के खिलाफ एक रणनीति तैयार करने और मौजूदा राष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और ममता बनर्जी सहित 23 राजनीतिक दलों के नेताओं ने भाग लिया। इसके अलावा शिवसेना (यूबीटी) के प्रमुख उद्धव ठाकरे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मीटिंग में शामिल हुए हैं।