Delhi Riots Case: अतहर खान की जमानत याचिका पर कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा, व्हाट्सऐप चैट से हुआ बड़ा खुलासा
Delhi Riots 2020 Case: उत्तर-पूर्वी दिल्ली में फरवरी 2020 में हुए दंगों में लगभग 50 लोगों की मौत हुई थी और सैकड़ों लोग घायल हुए थे। अतहर खान 2020 में बड़ी साज़िश के मामले में UAPA के तहत आरोपी है।
- Written By: स्निग्धा श्रीवास्तव
Delhi Riots 2020 (सोर्स: सोशल मीडिया)
Delhi High Court On Athar Khan Bail Plea: 2020 में हुए दिल्ली दंगा मामलें में दिल्ली हाई कोर्ट ने मुख्य आरोपी अतहर खान की जमानत याचिका पर सभी पक्ष को सुनने के बाद निर्णय सुरक्षित रख लिया। जस्टिस प्रतिभा एम सिंह और जस्टिस मधु जैन की खंडपीठ मामले की सुनवाई कर रही थी। सुनवाई के दौरान जस्टिस प्रतिभा एम सिंह ने मौखिक रूप से कहा कि व्हाट्सऐप चैट से साफ प्रतीत होता है कि दंगे के लिए साजिश रची गई थी। बता दें कि अतहर खान 2020 में बड़ी साज़िश के मामले में UAPA के तहत आरोपी है। ट्रायल कोर्ट ने अतहर खान की जमानत याचिका को खारिज कर दिया था। जिसके बाद अतहर ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की।
दिल्ली दंगे में हुए थी 50 लोगों की मौत
बता दें कि Delhi Riots 2020: अतहर खान की जमानत याचिका पर हाई कोर्ट का फैसला रखा, व्हाट्सऐप चैट से मिले साजिश रचने के बड़ेउत्तर-पूर्वी दिल्ली में फरवरी 2020 में हुए दंगों में लगभग 50 लोगों की मौत हुई थी और सैकड़ों लोग घायल हुए थे। अतहर खान को दंगे की बड़ी साजिश रचने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।
अतहर खान के वकील की दलील
मामले की सुनवाई के दौरान अतहर खान की तरफ से पेश हुए अधिवक्ता अर्जुन दीवान ने दलील देते हुए कहा कि गवाह ‘प्लूटो’ के बयान में विरोधाभास है, वह लगातार अपने बयान बदल रहा है।
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अधिवक्ता ने यह भी दलील दी कि WhatsApp चैट से यह साफ जाहिर होता है कि अतहर खान केवल शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन के बारे में ही बात कर रहे थे। वकील ने यह भी कहा कि ऐसा कोई सबूत नहीं है जिससे यह साबित हो सके कि वह इस साज़िश में सक्रिय रूप से शामिल था। अतहर के पास से कोई हथियार या अन्य कोई सामान बरामद नहीं हुआ है।
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SPP पांडे ने क्या दी दलील?
SPP पांडे ने दलील देते हुए कहा कि अतहर खान उन अन्य आरोपियों के साथ समानता का दावा नहीं कर सकते जिन्हें सुप्रीम कोर्ट ने जमानत दी है, क्योंकि अतहर के ख़िलाफ सबूत और गवाह भी है। प्लूटो का बयान भी अतहर के खिलाफ ही है। WhatsApp चैट्स से दंगों की साजिश रचने का साफ अंदाजा लगाया जा सकता है। इन दंगों में 53 लोगों की मौत हो गई थी। जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
क्या था ‘प्लूटो’ का बयान?
चांदबाग में ‘याज़’ के बेसमेंट में बिरयानी पहुंचाने वाले प्लूटो ने अपने बयान में कहा था कि वहां कई लोग दंगों और हत्याओं की साज़िश पर चर्चा कर रहे थे, और अतहर खान भी वहीं था।
