नितिन गडकरी का बड़ा ऐलान! जल्द सड़कों के ऊपर दौड़ेगी पॉड टैक्सी-VIDEO
Nitin Gadkari Pod Taxi: नवभारत कॉन्क्लेव में नितिन गडकरी ने पॉड टैक्सी, सी-प्लेन, वेस्ट टू वेल्थ और इथेनॉल के जरिए भारत को स्मार्ट व आत्मनिर्भर बनाने का विजन पेश किया।
- Written By: वंदना शर्मा
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भारत के भविष्य के स्मार्ट ट्रांसपोर्ट सिस्टम और इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर अपना विजन साझा किया है। गडकरी ने अपना सपना बताते हुए कहा है कि सड़कों के ऊपर ‘पॉड टैक्सी’ और पानी पर उतरने वाले सी-प्लेन जैसी आधुनिक तकनीकें शुरू की जाएंगी, ताकि ट्रैफिक और प्रदूषण को नियंत्रित में किया जा सके। मंत्री जी ने इस बाक पर भी जोर दिया कि कोई भी वस्तु बेकार नहीं होती है। उन्होंने यह भी बताया कि दिल्ली में गाजीपुर जैसे कचरे के पहाड़ों से निकले 80 लाख टन ‘लिगेसी वेस्ट’ का इस्तेमाल दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और अन्य सड़कों के निर्माण में किया गया है। इसके अलावा साल 2027 तक पूरे देश में इस तकनीक के उपयोग करने का लक्ष्य है।
उन्होंने नागपुर का उदाहरण देते कहा कि जहां पर टॉयलेट के पानी को साफ करके बेचने से म्यूनिसिपल कॉरपोरेशन को सालाना सवा 50 करोड़ रुपये की आय होती है। वहीं इथेनॉल को लेकर उठ रहे सवालों पर उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत 23 लाख करोड़ रुपये का ईंधन आयात करता है। इस निर्भरता को कम करने के लिए इथेनॉल और अन्य विकल्पों का उपयोग देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अनिवार्य है। गडकरी जी का मुख्य संदेश ‘नॉलेज टू वेल्थ’ और ‘वेस्ट टू वेल्थ’ के माध्यम से भारत को एक प्रमुख आर्थिक शक्ति बनाने का है। नितिन गडकरी के पूरे बयांन की खबर जाननें के लिए यह वीडियो को पूरा देखें….
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भारत के भविष्य के स्मार्ट ट्रांसपोर्ट सिस्टम और इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर अपना विजन साझा किया है। गडकरी ने अपना सपना बताते हुए कहा है कि सड़कों के ऊपर ‘पॉड टैक्सी’ और पानी पर उतरने वाले सी-प्लेन जैसी आधुनिक तकनीकें शुरू की जाएंगी, ताकि ट्रैफिक और प्रदूषण को नियंत्रित में किया जा सके। मंत्री जी ने इस बाक पर भी जोर दिया कि कोई भी वस्तु बेकार नहीं होती है। उन्होंने यह भी बताया कि दिल्ली में गाजीपुर जैसे कचरे के पहाड़ों से निकले 80 लाख टन ‘लिगेसी वेस्ट’ का इस्तेमाल दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और अन्य सड़कों के निर्माण में किया गया है। इसके अलावा साल 2027 तक पूरे देश में इस तकनीक के उपयोग करने का लक्ष्य है।
उन्होंने नागपुर का उदाहरण देते कहा कि जहां पर टॉयलेट के पानी को साफ करके बेचने से म्यूनिसिपल कॉरपोरेशन को सालाना सवा 50 करोड़ रुपये की आय होती है। वहीं इथेनॉल को लेकर उठ रहे सवालों पर उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत 23 लाख करोड़ रुपये का ईंधन आयात करता है। इस निर्भरता को कम करने के लिए इथेनॉल और अन्य विकल्पों का उपयोग देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अनिवार्य है। गडकरी जी का मुख्य संदेश ‘नॉलेज टू वेल्थ’ और ‘वेस्ट टू वेल्थ’ के माध्यम से भारत को एक प्रमुख आर्थिक शक्ति बनाने का है। नितिन गडकरी के पूरे बयांन की खबर जाननें के लिए यह वीडियो को पूरा देखें….
