लाहौर में हुई ट्रेनिंग…ISI के लिए किया काम, पहलगाम हमले के ठीक पहले लौटा इंडिया; जासूस कासिम को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे
कासिम को राजस्थान से दिल्ली लाया गया है, जहां उससे पूछताछ की गई है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल द्वारा की गई पूछताछ में कासिम के बारे में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं।
- Written By: अभिषेक सिंह
कासिम (सोर्स- सोशल मीडिया)
नई दिल्ली: जासूसी के आरोप में राजस्थान के डीग से गिरफ्तार किए गए कासिम से दिल्ली पुलिस सारे राज उगलवाने की कोशिश कर रही है। कासिम को राजस्थान से दिल्ली लाया गया है, जहां उससे पूछताछ की गई है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल द्वारा की गई पूछताछ में कासिम के बारे में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। दिल्ली पुलिस के हवाले से सूत्र बता रहे हैं कि कासिम ने पाकिस्तान जाकर लाहौर के आर्मी कैंप में ट्रेनिंग ली थी।
खास बात यह है कि ट्रेनिंग देने वाले अधिकारी आईएसआई (पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी) के थे। पता चला है कि ट्रेनिंग देने वाले 2 आईएसआई अधिकारियों के कोड नाम शाह जी और ताऊ जी थे, जबकि एक आईएसआई अधिकारी की पहचान वकास के रूप में हुई है।
2 और आरोपियों को तलाश रही पुलिस
बताया जा रहा है कि दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल इस आईएसआई जासूसी रैकेट में 2 और आरोपियों की तलाश कर रही है, जिनमें से एक का नाम हसीन है जो कथित तौर पर आईएसआई हैंडलर्स को गुप्त सूचनाएं पहुंचाता था। फिलहाल हसीन फरार है। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
सम्बंधित ख़बरें
नागपुर RTO में चोरी के ट्रकों का फर्जी रजिस्ट्रेशन, अरुणाचल प्रदेश के रास्ते हुआ खेल, 3 पर केस दर्ज
नागपुर में दोहरे कत्ल से सनसनी: भांडेवाड़ी में क्रिमिनल की हत्या; कामठी में लिव-इन पार्टनर ने महिला को मार डाल
मुंबई: एयरलाइन में नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले देहरादून के फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़; 4 आरोपी गिरफ्तार
केतन अग्रवाल के हत्या की आरोपी सिया गोयल ने मीडिया को किया अश्लील इशारा, यूजर्स बोले- शर्मनाक हरकत
सेना का मूवमेंट कैप्चर कर रहे थे!
आरोप है कि आरोपी अलवर में आर्मी स्टेशन पर जासूसी कर रहे थे, सेना के वाहनों की आवाजाही की तस्वीरें खींच रहे थे और मूवमेंट की टाइमिंग नोट कर रहे थे। इस बीच कासिम के बारे में पता चला है कि उसे जासूसी के बदले पाकिस्तान से अलग-अलग किश्तों में करीब 2 लाख रुपए (पाकिस्तानी करेंसी) मिले हैं।
फोन से डिलीट कर दिया सारा डाटा
सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली पुलिस की पूछताछ में कासिम ने बताया है कि उसने फोन से सारा डाटा डिलीट कर दिया था। कासिम ने बताया है कि जब पहलगाम हमला हुआ और भारत में जासूस पकड़े जाने लगे तो उसने अपने फोन से डाटा डिलीट कर दिया था। हालांकि, पुलिस उसके फोन की फोरेंसिक जांच करवा रही है और उसके दावों की पुष्टि कर रही है। इसके अलावा कासिम की सीडीआर भी निकाली जा रही है, ताकि पता चल सके कि भारत आने के बाद वह कहां गया और किन लोगों के संपर्क में था।
कासिम के दस्तावेजों की जांच में पता चला है कि पहलगाम हमले से करीब एक सप्ताह पहले वह पाकिस्तान से भारत लौटा था। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, कासिम के पाकिस्तान में रिश्तेदार हैं। इसका फायदा उठाकर वह पाकिस्तान चला गया और वहां आईएसआई के संपर्क में आया।
आईएसआई ने कासिम से कहा कि तुम्हारा भाई अनीस हमारे लिए काम करता है, तुम भी हमारे लिए काम करो, क्योंकि तुम मौलवी हो और लोग तुम्हारी बात पर यकीन करेंगे। सूत्रों की मानें तो कासिम को जासूसी की बकायदा ट्रेनिंग दी गई थी, सेना के संपर्क में कैसे आना है और कैसे सावधान रहना है ताकि पकड़ा न जाए। पुलिस सूत्रों ने यह भी बताया कि कासिम का भाई आसिन अभी फरार है, उसकी तलाश की जा रही है।
