अनमोल बिश्नोई की भारत वापसी: रूसी पासपोर्ट और फर्जी नाम ‘भानु प्रताप’ के पीछे की कहानी आई सामने
Anmol Bishnoi: गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का भाई अनमोल बिश्नोई जो सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड के बाद फर्जी रूसी पासपोर्ट से भारत से भागा था, उसे अब अमेरिका से भारत डिपोर्ट कर लाया जा रहा है।
- Written By: प्रिया सिंह
गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का भाई अनमोल बिश्नोई (सोर्स - सोशल मीडिया)
Anmol Bishnoi Being Deported from the US to India: पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद गैंगस्टर अनमोल बिश्नोई पर कानून का शिकंजा तेजी से कसा जाने लगा, जिससे उसने देश छोड़कर भागने की योजना बनाई। वर्ष 2022 में, अनमोल ने नकली दस्तावेजों का उपयोग करके एक फर्जी पासपोर्ट बनवाया और नेपाल के रास्ते अमेरिका भागने में सफल रहा। अमेरिका में रहते हुए भी वह भारत में कई बड़े अपराधों को अंजाम देता रहा, जिनमें सलमान खान के घर फायरिंग और एनसीपी नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या जैसे मामले शामिल हैं। अब अमेरिकी अधिकारियों द्वारा हिरासत में लिए जाने के बाद, अनमोल बिश्नोई को लुसियाना (Louisiana) से भारत डिपोर्ट कर दिया गया है, जिससे कई बड़े आपराधिक मामलों के खुलासे की उम्मीद है।
भारत से भागने की इनसाइड स्टोरी, फर्जी पासपोर्ट का खेल
अनमोल बिश्नोई पर पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली और महाराष्ट्र सहित कई राज्यों में हत्या, हत्या का प्रयास, जबरन वसूली और संगठित अपराध के गंभीर मामले दर्ज हैं। 29 मई 2022 को सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद जब भारतीय एजेंसियों ने उस पर सख्ती शुरू की तो उसका भाई लॉरेंस बिश्नोई समझ गया कि अनमोल का बचना मुश्किल है।
इसी के चलते अनमोल ने तुरंत फर्जी दस्तावेजों के आधार पर एक नकली पासपोर्ट बनवाया। इस पासपोर्ट पर उसका नाम ‘भानु प्रताप’ लिखा था और यह कथित तौर पर रूसी पासपोर्ट था। इस जाली पासपोर्ट का इस्तेमाल करके अनमोल बिश्नोई सबसे पहले नेपाल भागा और फिर वहां से अमेरिका पहुंच गया।
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अमेरिका में निगरानी, ANKLET मॉनिटर का इस्तेमाल
अनमोल बिश्नोई को बीते साल कैलिफ़ोर्निया में अमेरिकी पुलिस ने हिरासत में लिया था। गिरफ्तारी के बाद उसे ANKLET मॉनिटर (इलेक्ट्रॉनिक ट्रैकर) की निगरानी में रखा गया था। यह डिवाइस अपराधी के टखने (Ankle) पर पहनाई जाती है। यह जीपीएस (GPS) के माध्यम से आरोपी की लोकेशन को लगातार ट्रैक करता है। यह सुनिश्चित करता है कि व्यक्ति कोर्ट द्वारा निर्धारित क्षेत्र में ही रहे। अगर आरोपी इसे उतारने या काटने की कोशिश करता है, तो तुरंत पुलिस को अलर्ट भेज देता है।
यह ट्रैकर बेल पर रिहा हुए लोगों या हाउस अरेस्ट में रखे गए लोगों की निगरानी के लिए इस्तेमाल किया जाता है। अब इसी निगरानी के दौरान अनमोल को भारत डिपोर्ट करने की प्रक्रिया पूरी की गई है।
अपराध और खुलासे
2024 में अनमोल बिश्नोई अचानक सोशल मीडिया पर खुलकर सामने आने लगा था और अपराधों की जिम्मेदारी लेने लगा था। इससे वह भारतीय एजेंसियों की रडार पर आ गया।
- बाबा सिद्दीकी हत्याकांड (अक्टूबर 2024): मुंबई पुलिस ने जब दो शूटर्स को गिरफ्तार किया, तो पता चला कि वे अनमोल बिश्नोई के सीधे संपर्क में थे।
- सलमान खान के घर फायरिंग (अप्रैल 2024): मुंबई पुलिस इस मामले में भी अनमोल को वॉन्टेड आरोपी मान रही है।
सिद्धू मूसेवाला की हत्या के बाद से ही फरार चल रहा अनमोल राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (NIA) द्वारा घोषित 10 लाख रुपये के इनाम वाला अपराधी था। पहले यह सूचना थी कि वह कनाडा में है, क्योंकि वह अमेरिका से कनाडा आता-जाता रहता था।
भारत प्रत्यर्पण और आगे की कार्रवाई
अनमोल बिश्नोई को अमेरिका के लुसियाना से भारत डिपोर्ट कर दिया गया है और बुधवार को उसे दिल्ली लाए जाने की संभावना है। यह प्रत्यर्पण एक मल्टी-एजेंसी ऑपरेशन का परिणाम है। क्योंकि अनमोल पर देशभर में कई गंभीर मामले दर्ज हैं, इसलिए केंद्र सरकार यह तय करेगी कि उसे सबसे पहले किस एजेंसी (जैसे NIA, मुंबई पुलिस) की हिरासत में भेजा जाए।
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मुंबई पुलिस पहले ही उसके प्रत्यर्पण के लिए दो प्रस्ताव भेज चुकी थी और अब वह सलमान खान फायरिंग और बाबा सिद्दीकी हत्याकांड जैसे अपने मामलों में उसकी हिरासत की मांग करेगी। अनमोल की गिरफ्तारी से संगठित अपराध के कई बड़े नेटवर्क और साजिशों का खुलासा होने की उम्मीद है।
