

छत्तीसगढ़ में पटवारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी।
राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने डिजिटल क्रॉप सर्वे को बताया जरूरी।
इस साल 19 हजार गांवों में किया जा रहा डिजिटल क्रॉप सर्वे।
अब तक 1 करोड़ 90 लाख खसरों का सर्वे पूरा, 95% काम पूरा होने का दावा।
Chhattisgarh Patwari Strike: छत्तीसगढ़ में पटवारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल के बीच राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने डिजिटल क्रॉप सर्वे को धान खरीदी में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए जरूरी बताया है। उन्होंने पटवारियों से किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए सर्वे का काम पूरा करने और सरकार का सहयोग करने की अपील की है। मंत्री के मुताबिक, फसलों का सटीक सर्वे होने से धान खरीदी के दौरान होने वाली संभावित गड़बड़ियों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।
राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि धान खरीदी के दौरान दूसरे राज्यों से धान लाकर बेचने जैसी गड़बड़ियों को रोकने के लिए खेतों में बोई गई फसलों की सही जानकारी होना जरूरी है। डिजिटल क्रॉप सर्वे के माध्यम से फसलों का सत्यापन किया जा रहा है, ताकि खरीदी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी बनाया जा सके।
मंत्री ने बताया कि पिछले साल प्रदेश के करीब 14 हजार गांवों में डिजिटल क्रॉप सर्वे किया गया था। इस साल इसका दायरा बढ़ाकर 19 हजार गांवों तक किया गया है। अब तक लगभग 1 करोड़ 90 लाख खसरों का डिजिटल सर्वे पूरा किया जा चुका है। उनके अनुसार, सर्वे का करीब 95 प्रतिशत काम पूरा हो गया है। ऐसे में शेष काम को समय पर पूरा करना महत्वपूर्ण है।
दूसरी ओर, पटवारी डिजिटल क्रॉप सर्वे के लिए इस्तेमाल किए जा रहे PV ऐप में तकनीकी और व्यावहारिक समस्याओं का हवाला देते हुए आंदोलन कर रहे हैं। इसके अलावा निलंबन और तबादले की कार्रवाई तथा लंबित मांगों को लेकर भी पटवारियों में नाराजगी है। पटवारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल से फसल सत्यापन, किसान पंजीयन और राजस्व विभाग से जुड़े दूसरे काम प्रभावित होने की आशंका है।
मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा कि अब तक हड़ताल की सूचना देने के लिए कोई उनके पास नहीं आया है। उन्होंने मौजूदा समय को किसानों के हित में काम करने का समय बताते हुए पटवारियों से सरकार का सहयोग करने की अपील की। डिजिटल क्रॉप सर्वे और पटवारियों की मांगों को लेकर जारी गतिरोध के बीच अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि सरकार और पटवारी संगठन के बीच बातचीत से कोई समाधान निकलता है या नहीं। फिलहाल, हड़ताल के कारण राजस्व संबंधी कार्यों पर पड़ने वाले असर को लेकर भी चिंता बनी हुई है।