ओडिशा में रोजगार बढ़ाने के लिए टाटा पावर ने दिया सप्लायर्स को दिया बड़ी लागत का कॉन्ट्रेक्ट
टाटा पावर का प्रतिनिधित्व करने वाली ओडिशा डिस्कॉम ने टीपी सेंट्रल, टीपी साउथर्न, टीपी नॉर्दर्न और टीपी वेस्टर्न ओडिशा डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड ने 6,645 स्थानीय विक्रेताओं और आपूर्तिकर्ताओं के साथ समझौते किए हैं। जिससे आस पास के निवासियों को रोजगार मिल सकता है।
- Written By: अपूर्वा नायक
टाटा पावर ( सौजन्य : सोशल मीडिया )
भुवनेश्वर : टाटा पावर के नेतृत्व वाली कंपनी ओडिशा डिस्कॉम ने लोकल कॉन्ट्रेक्टर और सप्लायर्स को राज्य के बिजली वितरण परिचालन को पूरा करने का कार्यभार हाथों में सौंपा है। जिसकी कॉन्ट्रेक्ट की कुल लागत 11,481 करोड़ रुपये बतायी जा रही है।
एक अधिकारी ने कहा कि टाटा पावर और ओडिशा सरकार के बीच संयुक्त उपक्रम ने राज्य के बिजली वितरण परिचालन को अपने हाथ में लेने के बाद से पिछले तीन वर्षों में स्थानीय एमएसएमई को 8,690 करोड़ रुपये और डिस्कॉम द्वारा गैर-एमएसएमई को 2,791 करोड़ रुपये के ऑर्डर दिए हैं। ये ठेके सामग्री और सेवाओं जैसी दो प्रमुख श्रेणियों में हैं, तथा स्थानीय ठेकेदारों और आपूर्तिकर्ताओं को दिए गए हैं।
सेवाओं के लिए रीढ़ की हड्डी के रूप में काम
अधिकारी ने बताया कि ओडिशा डिस्कॉम- टीपी सेंट्रल, टीपी साउथर्न, टीपी नॉर्दर्न और टीपी वेस्टर्न ओडिशा डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड ने 6,645 स्थानीय विक्रेताओं और आपूर्तिकर्ताओं के साथ समझौते किए हैं। कंपनी ने एक बयान में कहा कि ये सहयोगी साझेदारियां दैनिक परिचालन और सेवाओं के लिए रीढ़ की हड्डी के रूप में काम करती हैं, जिसमें स्थानीय विक्रेताओं को आस-पास के क्षेत्रों के निवासियों को रोजगार देने के लिए प्रोत्साहित करने पर विशेष जोर दिया जाता है।
सम्बंधित ख़बरें
Odisha SIR: ओडिशा में ‘मिशन SIR’ शुरू, 45,000 से ज्यादा BLO तैनात, निर्वाचन अधिकारी ने बताया पूरा प्लान
ओडिशा के चर्चित नबरंगपुर ट्रिपल मर्डर के 19 गुनहगारों को उम्रकैद, 10 साल बाद न्याय, अंधविश्वास ने ली थी 3 जान
₹19,000 के लिए बैंक ने मांगा मौत का सबूत, बहन का शव खोदकर कंधे पर कंकाल लेकर पहुंचा भाई
ओडिशा में बड़ी गड़बड़ी! SIR से पहले ही वोटर लिस्ट से गायब हुए 9.8 लाख नाम, चुनाव आयोग ने दिए जांच के निर्देश
4,347 विक्रेताओं को ठेके दिए
सेवा क्षेत्र में, मीटर रीडिंग, बिलिंग, नेटवर्क रखरखाव और अन्य कार्यों के लिए बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) ने 4,347 विक्रेताओं को ठेके दिए हैं, जिनका कुल मूल्य 7,560 करोड़ रुपये है। इसी प्रकार, वितरण ट्रांसफार्मर, केबल, खंभे और अन्य सहित सामग्री आपूर्ति श्रेणी में डिस्कॉम ने अपने परिचालन के लिए 3,921 करोड़ रुपये मूल्य के 2,298 अनुबंध दिए हैं।
सौर मॉड्यूल शिप करने वाली पहली भारतीय कंपनी
टाटा पावर कंपनी लिमिटेड मुंबई , भारत में स्थित एक भारतीय विद्युत उपयोगिता और बिजली उत्पादन कंपनी है और यह टाटा समूह का हिस्सा है । इसकी स्थापित बिजली उत्पादन क्षमता 14,707 मेगावाट है, जिसमें से 5847 मेगावाट गैर-पारंपरिक (हरित ऊर्जा) स्रोतों से है, बाकी थर्मल से है, जो इसे भारत की सबसे बड़ी एकीकृत बिजली कंपनी बनाता है। फरवरी 2017 में, टाटा पावर 1 गीगावाट से अधिक सौर मॉड्यूल शिप करने वाली पहली भारतीय कंपनी बन गई। टाटा पॉवर का परिचालन भारत, सिंगापुर, इंडोनेशिया, दक्षिण अफ्रीका, जाम्बिया, जॉर्जिया, मॉरीशस और भूटान में है।
( एजेंसी इनपुट के साथ )
