

Highlights:
सेंसेक्स में 1.83% और निफ्टी में 2% की साप्ताहिक तेजी दर्ज की गई।
FII ने ₹6,304.67 करोड़ और DII ने ₹3,109.79 करोड़ के शेयर खरीदे।
निफ्टी मिडकैप 100 में 2.69% और स्मॉलकैप 100 में 4% की बढ़त रही।
Share Market Weekly: भारतीय शेयर बाजार के लिए यह कारोबारी सप्ताह अच्छा रहा। 26 से 30 अक्टूबर के बीच सेंसेक्स और निफ्टी में करीब 2 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) की खरीदारी, बॉन्ड यील्ड में नरमी और कंपनियों के बेहतर तिमाही नतीजों से बाजार को मजबूती मिली।
इस दौरान मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने भी प्रमुख सूचकांकों से बेहतर प्रदर्शन किया। हालांकि, सप्ताह के आखिरी दिनों में पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल से बाजार में मुनाफावसूली देखने को मिली।
26 से 30 अक्टूबर के कारोबारी सप्ताह में बीएसई सेंसेक्स 1,335.70 अंक यानी 1.83 प्रतिशत की तेजी के साथ 74,459.53 पर बंद हुआ। वहीं, एनएसई निफ्टी 50 में 453.10 अंकों यानी 2 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई और यह 23,053.10 के स्तर पर बंद हुआ।
विश्लेषकों के मुताबिक, बॉन्ड यील्ड में गिरावट से निवेशकों की जोखिम लेने की क्षमता में सुधार हुआ। इसके अलावा, अमेरिकी फेडरल रिजर्व, यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ECB) और बैंक ऑफ जापान ने उम्मीद के मुताबिक ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं किया।
हालांकि, केंद्रीय बैंकों ने महंगाई को लेकर सतर्क रुख बनाए रखा। इससे जल्द ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदों को सीमित समर्थन मिला। इसके बावजूद घरेलू बाजार में बेहतर आर्थिक संकेतों और कंपनियों के मजबूत नतीजों से खरीदारी का माहौल बना रहा।
इस सप्ताह व्यापक बाजार में भी अच्छी खरीदारी देखने को मिली। मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों ने सेंसेक्स और निफ्टी से बेहतर प्रदर्शन किया। निफ्टी मिडकैप 100 में 2.69 प्रतिशत की तेजी रही। जबकि निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 4 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई।
सेक्टर के लिहाज से फार्मा और हेल्थकेयर शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली। कंपनियों के सकारात्मक तिमाही नतीजों ने इन क्षेत्रों को सहारा दिया। बॉन्ड यील्ड में नरमी से रियल एस्टेट शेयरों को भी फायदा मिला।
इसके अलावा, इनपुट लागत कम होने की उम्मीदों से मेटल, एफएमसीजी और ऑटो सेक्टर में खरीदारी रही। दूसरी ओर, सीमेंट और ऑयल एंड गैस सेक्टर के शेयरों का प्रदर्शन सुस्त रहा।
विदेशी और घरेलू संस्थागत निवेशकों की खरीदारी ने भी बाजार को मजबूती दी। इस सप्ताह एफआईआई ने कुल 6,304.67 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। वहीं, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 3,109.79 करोड़ रुपये की खरीदारी की।
विदेशी निवेशकों की वापसी को बाजार के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। इससे प्रमुख सूचकांकों में तेजी को समर्थन मिला।
सप्ताह के आखिरी दिनों में पश्चिम एशिया में नए सिरे से तनाव बढ़ने से कच्चे तेल की कीमतों में उछाल आया। सप्ताह के अंत में ब्रेंट क्रूड करीब 117 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। महंगे तेल से भारत के आयात बिल और महंगाई पर दबाव बढ़ने की आशंका रहती है।