ट्रंप की एक धमकी...और लहूलूहान हुआ भारत का शेयर बाजार, एक झटके में निवेशकों का 8 लाख करोड़ स्वाहा

Share Market: घरेलू शेयर बाजार में विदेशी निवेशकों की बिकवाली जारी है। विदेशी संस्थागत निवेशकों ने लगातार तीसरे दिन बाजार में बिकवाली करते हुए नेट-नेट करीब 4051 करोड़ रुपये निकाल लिए।
Share Makret Highlithts 8th January
शेयर मार्केट, (कॉन्सेप्ट फोटो)
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Share Market Highlights: भारतीय शेयर बाजार आज गुरुवार, (8 जनवरी) के कारोबारी सत्र में बड़ी बिकवाली के साथ बंद हुआ। बाजार में चौतरफा गिरावट देखने को मिली। दिन के अंत में सेंसेक्स 780.18 अंक या 0.92 प्रतिशत की गिरावट के साथ 84,180.96 और निफ्टी 263.90 अंक या 1.01 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 25,876.85 पर था। बाजार पर दबाव बनाने का काम मेटल शेयरों ने किया। निफ्टी मेटल इंडेक्स 3.40 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ।

निफ्टी एनर्जी 2.89 प्रतिशत, निफ्टी ऑयलएंडगैस 2.84 प्रतिशत, निफ्टी पीएसई 2.48 प्रतिशत, निफ्टी कमोडिटीज 2.40 प्रतिशत, निफ्टी पीएसयू बैंक 2.08 प्रतिशत, निफ्टी आईटी 1.99 प्रतिशत, निफ्टी रियल्टी 1.71 और निफ्टी फार्मा 1.39 प्रतिशत की कमजोरी के साथ बंद हुआ। सत्र में कोई भी मुख्य सूचकांक हरे निशान में बंद होने में कामयाब नहीं रहा।

आज के टॉप गेनर्स और लूजर्स

लार्जकैप के साथ मिडकैप और स्मॉलकैप में भी बिकवाली हुई। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 1,202.15 अंक या 1.96 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 60,222.55 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 357.45 अंक या 1.99 प्रतिशत की गिरावट के साथ 17,601.05 पर बंद हुआ। सेंसेक्स पैक में एलएंडटी, टेक महिंद्रा, टीसीएस, टाटा स्टील, ट्रेंट, पावर ग्रिड, इन्फोसिस, एनटीपीसी, सन फार्मा, अल्ट्राटेक सीमेंट, बजाज फिनसर्व, मारुति सुजुकी, इंडिगो, एसबीआई, भारती एयरटेल, एक्सिस बैंक, कोटक महिंद्रा, एमएंडएम, टाइटन और एशियन रेंट्स और एचयूएल लूजर्स थे।

निवेशकों के डूब गए 8 लाख करोड़

वहीं, इटरनल, आईसीआईसीआई बैंक, बजाज फाइनेंस और बीईएल गेनर्स थे। व्यापक बाजार में भी गिरावट का रुझान था, बढ़ने वाले शेयरों की अपेक्षा गिरने वाले शेयरों की संख्या अधिक थी। बाजार बंद होने के समय बिकवाली का भी दबाव रहा, जिससे बीएसई के बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैप) में लगभग 8.1 लाख करोड़ रुपये की गिरावट आई।

शेयर बाजार में गिरावट की वजह

बाजार के जानकारों ने कहा कि घरेलू बाजारों में गिरावट की वजह अमेरिकी टैरिफ के बढ़ने की आशंका और एफआईआई की ओर से लगातार की जा रही बिकवाली है। इस गिरावट का नेतृत्व ऑयल एंड गैस, आईटी शेयरों ने किया। उन्होंने आगे कहा कि हालांकि, घरेलू स्तर पर अर्थव्यवस्था मजबूत बनी हुई है। वित्त वर्ष 26 के लिए जारी किए गए पहले अग्रिम अनुमान में भी यह स्पष्ट रूप से दिखा।

कैसी रही विदेशी निवेशकों की चाल?

घरेलू शेयर बाजार में विदेशी निवेशकों की बिकवाली जारी है। विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने लगातार तीसरे दिन बाजार में बिकवाली करते हुए नेट-नेट करीब 4051 करोड़ रुपये निकाल लिए। हालांकि घरेलू संस्थागत निवेशकों का भरोसा कायम है। घरेलू फंड्स ने रिकॉर्ड 92वें दिन भी खरीदारी जारी रखी और कल करीब 2900 करोड़ रुपये बाजार में लगाए।

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