इन टैक्सपेयर्स के लिए राहत भरी खबर, आयकर विभाग ने जारी किया आदेश, जानें किसे मिलेगा फायदा
आयकर विभाग का यह फैसला उन सभी टैक्सपेयर्स के लिए राहत लेकर आया है जिन्होंने 31 जुलाई 2023 तक अपना आईटीआर भर दिया था, लेकिन अभी तक न तो रिफंड मिला, न बकाया टैक्स की मांग का नोटिस मिला।
- Written By: मनोज आर्या
प्रतीकात्मक तस्वीर
नई दिल्ली: समय पर आईटीआर (Income Tax Return) भरने के बाद भी बकाया या रिटर्न भरे जाने की स्वीकृति मिलने के मैसेज का इंतजार करने वाले लोगों के लिए एक राहत भरी खबर आ रही है। इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के नए निर्देश के अनुसार, यदि किसी टैक्सपेयर्स ने वित्त वर्ष 2022-23 के लिए समय पर आईटीआर भरा था, लेकिन अभी तक बकाया टैक्स रिटर्न नहीं हुई है या कोई पुराना रिफंड बकाया है, तो उसका निपटान अब इस साल के नवंबर तक कर दिया जाएगा।
वैसे लोग जिन्होंने वित्त वर्ष 2022-23 यानी की टैक्स असेसमेंट ईयर 2023-24 के लिए समय पर इनकम टैक्स रिटर्न भरा है और अभी तक उन्हें कोई रिफंड नहीं मिला, या कोई और पुराना बकाया रिफंड है तो यह खबर उनके लिए राहत भरी हो सकती है। विभाग ने 9 जून 2025 को आदेश जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि ऐसे आईटीआर जो समय रहते भरे गए थे लेकिन जिनका निपटान नहीं हो पाया, उनका निपटान अब 30 नवंबर 2025 तक हो जाएगा।
टैक्सपेयर्स के लिए बड़ी राहत
बता दें कि आयकर विभाग का यह फैसला उन सभी टैक्सपेयर्स के लिए राहत लेकर आया है जिन्होंने 31 जुलाई 2023 तक अपना आईटीआर भर दिया था, लेकिन अभी तक न तो रिफंड मिला, न बकाया टैक्स की मांग का नोटिस मिला, और न ही इस संबंध में कोई सूचना प्राप्त हुई। इनकम टैक्स एक्ट, 1961 के मुताबिक, किसी भी वित्तीय वर्ष का आईटीआर प्रोसेस करने के लिए नौ महीने की समय सीमा होता है। यानी अगर आपने 2022-23 का आईटीआर समय पर दाखिल किया था, तो उसे प्रोसेस करने की आखिरी तारीख 31 दिसंबर 2024 थी।
सम्बंधित ख़बरें
Share Market Outlook: तेज गिरावट या जारी रहेगी हरियाली, सोमवार को कैसा रहेगा बाजार? ये फैक्टर्स तय करेंगे चाल
नागपुर: मिडिल ईस्ट संकट अस्थायी, JSW चेयरमैन का भरोसा, भारतीय उद्योगों की ग्रोथ रहेगी जारी
Gold-Silver Rate Today: भारत में आज सोने-चांदी के भाव में गिरावट, जानिए अपने शहर में रेट
संभाजीनगर में सीआईआई का ‘बायर-सेलर’ सम्मेलन संपन्न; डिफेन्स और ऑटोमोटिव क्षेत्र के एमएसएमई को मिलेंगे नए अवसर
लेकिन कई रिटर्न समय पर फाइल होने के बावजूद तकनीकी कारणों से प्रोसेस नहीं हो पाए। अब विभान ने इस नियम में छुट देते हुए कहा है कि वो अब इन रिटर्न को 30 नवंबर 2025 तक प्रोसेस करेगा और उसी समय तक आपको उससे जड़ी सूचना भेजी जाएगी।
ईरान-इजरायल टेंशन से बढ़ा पेट्रोल-डीजल का दाम, पाकिस्तान का बुरा हाल, भारत में कोई असर नहीं
क्रिप्टोकरंसी में निवेश के जरिए टैक्स चोरी पर एक्शन
सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्स (CBDT) ने ऐसे संदिग्ध लोगों के बारे में जांच कर रहा है, जिन्होंने क्रिप्टोकरंसी में निवेश के जरिए टैक्स चोरी की है और अपनी इनकम छिपाई है। एक अधिकारी के मुताबिक, इस मामले में हजारों लोगों को ई-मेल भेजे गए हैं और उनसे कहा गया है कि वे अपने इनकम टैक्स रिटर्न को दोबारा जांचे और वर्चुअल डिजिटल असेट्स में लेनदेन से हुई आमदनी से जुड़ी जानकारी अपडेट करें।
