ट्रंप टैरिफ से ट्रेड का बुरा हाल, अगस्त में एक्सपोर्ट 16.3% गिरा; इस सेक्टर पर सबसे ज्यादा असर

India's Export: अमेरिका के हाई टैरिफ ने कुछ सेक्टर को बुरी तरफ से प्रभावित किया है। अगस्त महीने में 50 प्रतिशत अमेरिकी टैरिफ लगने के बाद जुलाई के मुकाबले 16.3 प्रतिशत की गिरावट आई।
India's exports to the US fell for the third consecutive month
(प्रतीकात्मक तस्वीर)
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India's Export to America: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए 50 प्रतिशत टैरिफ का सीधा असर अब भारतीय एक्सपोर्ट पर देखने को मिल रहा है। लगातार तीसरे महीने निर्यात में भारी गिरावट दर्ज की गई है। अमेरिकी टैरिफ का सबसे ज्यादा असर जेम्स व ज्वैलरी, लेदर्स उत्पादों पर देखने को मिला है। इसकी वजह ये है कि इन सामानों के कुल वैश्विक निर्यात का सिर्फ अमेरिका पर 30 से 60 प्रतिशत तक निर्भरता है।

ग्लोबल ट्रेड एंड रिसर्च एनिशिएटिव्स (GTRI) के फाउंडर अजय श्रीवास्तव का कहना है कि अमेरिका के हाई टैरिफ ने कुछ सेक्टर को बुरी तरफ से प्रभावित किया है। अगस्त महीने में 50 प्रतिशत अमेरिकी टैरिफ लगने के बाद भारत से अमेरिका निर्यात में जुलाई के मुकाबले 16.3 प्रतिशत की गिरावट आई और यह गिरकर 6.7 बिलियन डॉलर पर आ गया। यह साल 2025 में एक्सपोर्ट में सबसे बड़ी गिरावट है।

अगस्त में भारतीय एक्सपोर्ट में 3.6% की गिरावट

बता दें कि इससे पहले जुलाई के महीने में जून की तुलना में भारत से अमेरिका एक्सपोर्ट में करीब 3.6 प्रतिशत की गिरावट आई है और यह 8.0 बिलियन डॉलर हो गया। वहीं जून में मई की तुलना में एक्सपोर्ट में 5.7 प्रतिशत की गिरावट आई और ये 8.3 बिलियन डॉलर हो गया। हालांकि, अगर मई की बात करें तो इस महीने में पॉजिटिव संकेत दिखे और यह अप्रैल की तुलना में 4.8 प्रतिशत के इजाफे के साथ 8.8 बिलियन डॉलर पर पहुंच गया। अप्रैल के महीने में भारत से अमेरिका में 8.4 बिलियन का एक्सपोर्ट किया गया था।

किस सेक्टर पर कितना असर?

रत्न व आभूषण (Gems & Jewellery): इस सेक्टर का 40-50 प्रतिशत निर्यात अमेरिका पर निर्भर है। हाई टैरिफ के बाद इस उद्योग की ऑर्डर बुक में सीधी गिरावट देखने को मिली है।

चमड़ा और लेदर गुड्स: अमेरिका इस इंडस्ट्री का सबसे बड़ा खरीदार है। टैरिफ के चलते भारतीय लेदर कंपनियों के ऑर्डर शिफ्ट होकर वियतनाम और बांग्लादेश जैसे देशों की ओर जा रहे हैं।

टेक्सटाइल और गारमेंट्स: पहले से ही चीन और वियतनाम की कड़ी प्रतिस्पर्धा झेल रहा भारतीय टेक्सटाइल सेक्टर अब महंगे टैरिफ की वजह से अमेरिकी बाजार में और कमजोर हुआ है।

इंजीनियरिंग गुड्स: मशीनरी और ऑटो कॉम्पोनेंट्स का निर्यात भी प्रभावित हो रहा है, क्योंकि अमेरिका ने वैल्यू-ऐडेड प्रोडक्ट्स पर भी टैरिफ बढ़ा दिया है।

सितंबर में बड़ी गिरावट की संभावना

अगस्त का महीना भारतीय निर्यातकों के लिए एक बड़ी चुनौती बनकर उस वक्त आया जब अमेरिका का 25 प्रतिशत टैरिफ लागू हुआ। इसके 20 दिन बाद 27 अगस्त से अमेरिका ने 25 प्रतिशत बैस टैरिफ के अलावा और 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ लागू कर दिया। इसके साथ ही भारतीय उत्पादों पर अब 50 प्रतिशत टैरिफ लागू है। जीटीआरआई ने चेतावनी देते हुए कहा कि सितंबर के महीने में और बड़ी गिरावट देखी जा सकती है, क्योंकि यह पहला महीना होगा जब पूरे महीने 50 प्रतिशत टैरिफ लागू रहेगा। इससे पहले अगस्त के आखिर में 50 प्रतिशत टैरिफ प्रभावी हुआ था।

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