Budget Expectations 2025: वित्त मंत्री आज खोलेगी बजट का पिटारा, जानिए किसकी भरेगी झोली, किसे मिलेगी मायूसी?

देश की GDP में कृषि की हिस्सेदारी भले ही कम हो, पर यही रोजगार का सबसे बड़ा आधार है। एग्रीकल्चर सेक्टर को देश की रीढ़ की हड्डी माना जाता है। ऐसे में हो सकता है कि इस बार के बजट में सरकार इस ओर अधिक ध्यान देते हुए किसान...
Budget Expectations 2025: वित्त मंत्री आज खोलेगी बजट का पिटारा, जानिए किसकी भरेगी झोली, किसे मिलेगी मायूसी?
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, फोटो - सोशल मीडिया
Published on
Updated on

नवभारत डिजिटल डेस्क : आज यानी 1 फरवरी को महज कुछ ही घंटों में देश का आम बजट पेश होने वाला है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद में वित्त वर्ष 2025-26 का बजट पेश करेंगी। ऐसे में आज के इस आर्टिकल में जानेंगे कि इस बार के आम बजट में क्या कुछ खास हो सकता है। किसकी झोली भरेगी और किसे सिर्फ मायूसी हाथ लगेगा? तो इसके लिए पढ़ते जाइए इस आर्टिकल को अंत तक।

हेल्थ सेक्टर दके लिए क्या है उम्मीद?

नई-नई बीमारियों का पता लगने और कोरोना जैसी महामारी का ध्यान रखते हुए हेल्थ और फार्मा सेक्टर पर अधिक ध्यान देने की जरूरत है। इस सेक्टर की भी सरकार से कई डिमांड है। इनमें से एक है चिकित्सा उपकरणों पर 12 परसेंट की समान दर से जीएसटी लगाने की मांग, जो फिलहाल 5 से 18 परसेंट के बीच है। इस सेक्चर में सरकार की तरफ से डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। डिमांड लिस्ट में इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए सेक्टर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को शामिल किए जाने की भी उम्मीद है।

कृषि क्षेत्र को हैं ये उम्मीदें

देश की जीडीपी में कृषि की हिस्सेदारी भले ही कम हो, पर यही रोजगार का सबसे बड़ा आधार है। एग्रीकल्चर सेक्टर को देश की रीढ़ की हड्डी माना जाता है। ऐसे में हो सकता है कि इस बार के बजट में सरकार इस ओर अधिक ध्यान देते हुए किसानों की बल्ले-बल्ले करा दे। बजट 2025 को लेकर उम्मीद है कि बढ़ती महंगाई के साथ खेती पर बढ़ती लागत को देखते हुए सरकार प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की राशि बढ़ा सकती है। इसके अलावा, किसान क्रेडिट कार्ड की भी लिमिट 3 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपये तक होने की उम्मीद जताई जा रही है। एग्रीकल्चर सेक्टर में टेक्नोलॉजी अपग्रेडेशन देखने को मिल सकता है।

रेलवे पर सरकार का रहेगा पूरजोर फोकस

रोलवे को सरकार बजट के तहत रेलवे को 3 लाख करोड़ रुपये से अधिक की सौगात दे सकती है। बता दें, पिछले साल बजट में रेलवे को रेलवे को 2.65 लाख करोड़ रुपये दिए गए थे। स्टेशन अपग्रेडेशन के साथ कई मॉर्डन ट्रेनें शुरू की जा सकती हैं। इस बार के बजट में बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट पर तेजी से काम आगे बढ़ाने के लिए पिटारा खुल सकता है। इसके अलावा, सरकार का विचार देश में मेट्रो और रैपिड रेल नेटवर्क बढ़ाने का भी है।

ऑटोमोबाइल सेक्टर के लिए तोहफा?

ऑटोमोबाइल सेक्टर में नए इनोवेशन और टेक्नोलॉजी को बढ़ाने के लिए सरकार इस साल के बजट में कई बड़ी घोषणाएं कर सकती है। इसमें हाइब्रिड और इलेक्ट्रिक वाहनों पर GST 28 फीसदी से घटाकर 18 फीसदी करने से लेकर इलेक्ट्रिक वाहन (EV) कंपोनेंट्स और बैटरी निर्माण के लिए PLI स्कीम का विस्तार तक शामिल हैं। बजट से जुड़ी अन्य खबर पढ़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें...

रियल एस्टेट के लिए है यह मांग

लंबे समय से मांग चल रही है कि देश के रियल एस्टेट सेक्टर को इंडस्ट्री का दर्जा दिया जाए। इसके साथ ही होम लोन पर टैक्स छूट को 2 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये करने की भी अटकलें लगाई जा रही है। अफोर्डेबल हाउसिंग को बढ़ावा देने की भी मांग चल रही है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com