अब डिफेंस सेक्टर में धमाल मचाएंगे अनिल अंबानी, जर्मनी के साथ की ये बिजनेस डील
रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर के मालिक अनिल अंबानी ने डिफेंस सेक्टर में भी अपना कारोबार शुरू किया है। जिसके चलते रिलायंस डिफेंस ने जर्मनी की एक कंपनी के साथ कॉन्ट्रेक्ट साइन कर लिया है।
- Written By: अपूर्वा नायक
अनिल अंबानी (सौ. सोशल मीडिया )
भारत पाक के तनाव के चलते भारत के डिफेंस सेक्टर की मजबूती देखने के लिए मिली है। साथ ही इससे ये भी पता चला है कि भारत के डिफेंस सेक्टर का एक्सपोर्ट भी बढ़ गया है। अब खबर आ रही है कि अनिल अंबानी की रिलायंस डिफेंस ने महाराष्ट्र में स्थापित किए जाने वाले प्लांट से तोप के गोले और गोला-बारूद जैसे विस्फोटक की सप्लाई के लिए जर्मनी की हथियार मैन्युफैक्चरर राइनमेटल एजी के साथ एक कॉन्ट्रेक्ट पर साइन किया हैं।
रिलायंस डिफेंस ने अपने एक बयान में कहा है कि रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड के द्वारा प्रवर्तित रिलायंस डिफेंस लिमिटेड यानी रिलायंस डिफेंस और डसेलफोर्ड स्थित राइनमेटल एजी ने गोला-बारूद के सेक्टर में रणनीतिक पार्टनरशिप पर सहमति जतायी है। इस आशय के एक कॉन्ट्रेक्ट पर अब दोनों कंपनियों के प्रतिनिधियों ने साइन की है।
ये ग्रुप का दसॉ एविएशन और फ्रांस की थेल्स के साथ ज्वाइंट अंडरटेकिंग के बाद तीसरा डिफेंस एग्रीमेंट है। बयान के अनुसार, कंपनियों के बीच कॉन्ट्रेक्ट में रिलायंस द्वारा राइनमेटल को मीडियम और लार्ज कैलिबर गोला-बारूद के लिए विस्फोटक और प्रोप्लेंट की सप्लाई शामिल होगी। साथ ही, दोनों कंपनियों के द्वारा चयनित प्रोडक्ट्स के लिए ज्वाइंट मार्केटिंग एक्टिविटी में शामिल होने पर भी बात की जा रही हैं और भविष्य के अवसरों के आधार पर अपने सहयोग का विस्तार कर सकते हैं।
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डिफेंस सेक्टर में मेक इन इंडिया को मिलेगी बढ़त
ये स्ट्रेटेजिकली पार्टनरशिप भारत की डिफेंस मैन्यूफैक्चरिंग कैपेसिटी को सरकार की एक प्रमुख मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत की मुहिम के साथ जोड़कर मजबूत कर सकती हैं। ये भारत को दुनिया के लीडिंग डिफेंस मैन्यूफैक्चरर में जगह दिलाने के नजरिए को आगे बढ़ाती है। ये नई यूनिट रिलायंस डिफेंस को देश के टॉप 3 डिफेंस मैन्यूफैक्चरर में शामिल होने के उसके टारगेट को हासिल करने में मदद कर सकती है।
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आपको बता दें कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद से ही भारत के डिफेंस सेक्टर में तेजी देखी जा सकती है। जिसके रिजल्ट के तौर पर ये भी देखा जा रहा है कि डिफेंस कंपनियों के शेयरों में भी जबरदस्त उछाल आ रहा है।
