

पटना में भारी बारिश में छात्रों का प्रदर्शन जारी
SI भर्ती परीक्षा में प्री, मेंस के बाद आयोग ने परीक्षा को किया रद्द
छात्रों की मांग परीक्षा को करो बहाल, सम्राट सरकार के लिए मुसीबत बरकरार
Students Protest In Patna Over The Cancellation Of The Bihar SI Recruitment: झारखंड के बाद अब बिहार में छात्र सड़कों पर उतर कर विरोध प्रदर्शन कर रहे है। सालों की मेहनत के बाद जब कोई सरकारी भर्ती परीक्षा रद्द होती है तो अभ्यार्थी सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर हो जाते हैं। असल में पूरा मामला जुड़ा हुआ है बिहार पुलिस सब-इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा से। परीक्षा का प्री हुआ प्री के बाद मेंस और फिर अचानक से परीक्षा को रद्द कर दी गई।
सरकार के परीक्षा रद्द किए जाने के फैसले के खिलाफ अभ्यर्थियों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है। 29 अक्टूबर गुरुवार को राजधानी पटना में भारी बारिश के बीच बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों ने प्रदर्शन कर भर्ती प्रक्रिया बहाल करने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारी छात्रों ने पटना के गांधी मैदान से मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च करने की योजना बनाई। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पुलिस ने प्रमुख मार्गो पर निगरानी बढ़ाई और बैरिकेडिंग की व्यवस्था की।
बिहार पुलिस अधीनस्थ सेवा आयोग ने 23 सितंबर को एक सूचना जारी कर SI परीक्षा के रद्द होने की जानकारी दी। 1,799 सब-इंस्पेक्टर पदों पर भर्ती के लिए परीक्षा का आयोजन 27 मई 2026 को किया गया था। वेबसाईट पर परीक्षा रद्द करने के अपरिहार्य कारणों का हवाला दिया गया, लेकिन परीक्षा रद्द करने की विस्तृत वजह सामने नहीं आई। इस फैसले के बाद से ही अभ्यर्थियों में नाराजगी देखी जा रही है।
प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों का कहना है कि उन्होंने दरोगा भर्ती परीक्षा के लिए लंबे समय तक तैयारी की थी। प्रारंभिक परीक्षा के बाद मुख्य परीक्षा में शामिल होने वाले उम्मीदवार अब आगे की प्रक्रिया का इंतजार कर रहे थे। ऐसे में मुख्य परीक्षा रद्द होने से उनकी मेहनत और भविष्य पर सवाल खड़े हो गए हैं। अभ्यर्थियों की मांग है कि परीक्षा रद्द करने के फैसले पर दोबारा विचार किया जाए और भर्ती प्रक्रिया को जल्द से जल्द बहाल किया जाए।
छात्र आंदोलन ने शारीरिक दक्षता परीक्षा (PET) की तारीख घोषित करने की मांग भी उठाई है। उनका कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में देरी होने से उम्मीदवारों के सामने अनिश्चितता की स्थिति पैदा हो रही है। अभ्यर्थी चाहते हैं कि आयोग पूरे मामले में स्थिति स्पष्ट करे और आगे की प्रक्रिया को लेकर समयसीमा निर्धारित करे।
SI भर्ती परीक्षा रद्द होने के विरोध में अभ्यर्थी इससे पहले भी पटना के गर्दनीबाग में प्रदर्शन कर चुके हैं। SI भर्ती के उम्मीदवार भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और अपनी समस्याओं का समाधान करने की मांग उठा रहे हैं।
फिलहाल अभ्यर्थियों की निगाहें बिहार पुलिस अधीनस्थ सेवा आयोग और राज्य सरकार के फैसले पर टिकी हैं। अब देखना होगा कि अभ्यर्थियों की मांगों पर क्या कार्रवाई होती है और 1,799 पदों पर भर्ती प्रक्रिया को लेकर आगे क्या निर्णय लिया जाता है।