

Bihar Politics: बिहार विधानसभा चुनाव के बीच, कांग्रेस ने गुरुवार को एनडीए के बीस सालों के विनाश का ब्यौरा देते हुए एक आरोपपत्र जारी किया। 42 पन्नों की इस चार्जशीट में कांग्रेस ने नीतीश कुमार सरकार पर शिक्षा, स्वास्थ्य, रोज़गार, अर्थव्यवस्था और कानून-व्यवस्था की बदहाली का आरोप लगाया। इसमें एनडीए के मंत्रियों और अधिकारियों के भ्रष्टाचार का जिक्र किया गया और पलायन के मुद्दे पर भी सरकार पर निशाना साधा गया।
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पूर्व सांसद अधीर रंजन चौधरी जैसे वरिष्ठ नेताओं ने गुरुवार को पटना के सदाकत आश्रम स्थित कांग्रेस कार्यालय में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर यह आरोपपत्र जारी किया। गहलोत ने कहा कि बिहार चुनाव देश का भविष्य तय करेगा।
उन्होंने आरोप लगाया कि भ्रष्टाचार के कारण बिहार सभी क्षेत्रों में पिछड़ गया है। उपमुख्यमंत्री और एक मंत्री पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं और उन्हें इसका जवाब देना होगा। सीएजी की रिपोर्ट में 70,000 करोड़ रुपये की अनियमितताओं का आरोप है।
गहलोत ने आगे कहा कि पेपर लीक से युवाओं का भविष्य बर्बाद हो रहा है। एनसीआरबी की रिपोर्ट के अनुसार, 20 वर्षों में अपराध में 323% की वृद्धि हुई है। 3 करोड़ लोग पलायन कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि अखिल भारतीय गठबंधन की जीत बिहार के विकास की गारंटी है।
छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि भाजपा पहले 75 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को रिटायर करती थी। मोदी जी ने आडवाणी और जोशी को रिटायर किया। अब वे भी 75 वर्ष के हो गए हैं। उन्होंने कहा कि डबल इंजन वाली सरकार का इंजन खराब होते ही धुआं छोड़ने लगा है।
अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि हमने बिहार को विनाश से बचाने के प्रयास शुरू कर दिए हैं। प्रेस कॉन्फ्रेंस में डॉ. शकील अहमद खान, मदन मोहन झा, अखिलेश प्रसाद सिंह, अभय दुबे, राजेश राठौड़, स्नेहाशीष वर्धन, ज्ञान रंजन, असित नाथ तिवारी आदि मौजूद थे।
पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने भी सत्ताधारी एनडीए को आड़े हाथों लिया। प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि सरकार अपना रुख बदलती रही है, जिससे बिहार की दुर्दशा हुई है। आज बिहार एक महत्वपूर्ण मोड़ पर खड़ा है। यह एक डबल इंजन है जो रिमोट से नियंत्रित होता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने बिहार में 65% आरक्षण को नौवीं अनुसूची में शामिल कर दिया है, जो आरक्षण को खत्म करने की एक साजिश है। उन्होंने कहा कि यह चुनाव बिहार के युवाओं का भविष्य तय करेगा। इसके राष्ट्रीय प्रभाव होंगे। अभी तक तो इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन इस चार्जशीट पर बवाल होना तय माना जा रहा है।