

Bihar Chunav Voting: बिहार में हो रहे विधानसभा चुनाव के दूसरे और आखिरी चरण की वोटिंग अब से बस कुछ ही देर में शुरू होने वाली है। इस फेज में राज्य के 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों पर मतदान होना है। पहले चरण के लिए 6 नवंबर को 18 जिलों की 121 सीटों पर वोटिंग हुई थी।
दूसरे फेज में नीतीश कुमार सरकार के 9 मौजूदा मंत्रियों की साख दांव पर है, तो महागठबंधन से भी प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और विधायक दल के साथ भाकपा (माले) के विधायक दल के नेता की प्रतिष्ठा का सवाल है। इसके अलावा राजद नेता और पूर्व विधानसभा स्पीकर की किस्मत का भी फैसला होना है।
धमदाहा से कांग्रेस के नवीन कुमार, अमौर से आप के मुंतजिर आलम, पिपरा से निर्दलीय रविरंजन कुमार, सुपौल से शंभू बाबू, बाजपट्टी से सुशील राज और औरंगाबाद से नेहा कुमारी सबसे कम उम्र (25) की उम्मीदवार हैं। इसके साथ ही बाराचट्टी से राजद की तनुश्री कुमारी, कहलगांव से राजद के ही रजनीश भारती और ढाका से 'आप' के मधुसूदन कुमार की आयु (26) वर्ष है।
इस चरण में एक तरफ युवाओं का जोश है तो दूसरी तरफ अनुभवी नेताओं की भी भरमार है। धमदाहा से राष्ट्रीय जनसंभावना पार्टी के समधान मारेया 88 वर्ष की आयु के साथ सबसे उम्रदराज उम्मीदवारों में अव्वल पायदान पर हैं तो बलरामपुर से निर्दलीय हाजी उल हक प्रधान की उम्र भी 87 साल है।
दूसरे चरण में एक उम्मीदवार के पास औसतन 3.44 करोड़ रुपये की संपत्ति है। दूसरे चरण के 562 यानी 43 फीसदी उम्मीदवार करोड़पति हैं। लौरिया से वीआईपी के रणकौशल प्रताप सिंह 368 करोड़ के साथ सबसे धनी उम्मीवार हैं। इसके साथ ही गुरुआ से रालोजपा के नीतीश कुमार 250 करोड़ के साथ दूसरे और बेलागंज से जदयू की मनोरमा देवी (75) करोड़) की संपत्ति के साथ तीसरे स्थान पर हैं। पीरपैंती से बसपा उम्मीदवार सुनील कुमार चौधरी ने अपनी संपति शून्य बताई है। वजीरगंज के मूलनिवासी समाज पार्टी के सुरेशराव के के पास मात्र 1000 रुपये, जबकि मधुचनी के निर्दलीय उम्मीदवार पंकज कुमार राम के पास मात्र दो हजार रुपये की कुल संपति है।
इस चरण के 32 फीसदी (415) उम्मीदवारों पर मामले आपराधिक घोषित हैं। इनमें करीब 26 फीसदी (341) उम्मीदवारों पर गंभीर आपराधिक मामले चल रहे। 122 में 73 यानी 60 फीसदी निर्वाचन क्षेत्र संवेदनशील हैं, जहां तीन या उससे अधिक उम्मीदवारों पर आपराधिक मामले घोषित हैं।
दूसरे चरण के 627 यानी 48 प्रतिशति उम्मीवारों की शैक्षणिक योग्यता स्नातक या उससे अधिक है। वहीं 41 फीसदी यानी लगभग 529 उम्मीदवारों की शैक्षिक योग्यता पांचवीं से 12वीं के बीच है। इनके अलावा 15 उम्मीदवार डिप्लोमाधारक हैं। वहीं, 117 साक्षर और नौ निरक्षर उम्मीदवार भी मैदान में हैं।
आखिरी चरण के कुल उम्मीदवारों में 52 फीसदी (680) की आयु 41 से 60 के बीच है। जबकि, 34 फीसदी यानी 445 उम्मीदवारों की उम्र 25 से 40 साल के बीच और 13 प्रतिशत (170) उम्मीदवारों की आयु 61 से 80 वर्ष के बीच है। दो उम्मीदवारों ने अपनी आयु 80 वर्ष से अधिक घोषित की है।