KTM की बाइक में बार-बार गियर बदलने की परेशानी होगी खत्म, मिलेगा ऑटोमैटिक गियरबॉक्स
एडवेंचर और स्पोर्टस बाइक बनाने के लिए फेमस KTM की नई बाइक में सबसे खास चीज ये है कि इसमें ऑटोमैटिक गिरयबॉक्स मिलेगा। ऑटोमोटिव इंडस्ट्री में ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन टेक्नोलॉजी आने से बाइक के डेवलपमेंट को अच्छा बढ़ावा मिलेगा।
- Written By: अंजू वशिष्ठ
केटीएम की बाइक (सौजन्य- सोशल मीडिया)
नई दिल्ली: बाइक चलाते वक्त स्पीड बढ़ाने या घटाने के लिए बार-बार गियर बदलने पड़ते हैं। कभी भी रेस बढ़ानी हो या कम करनी हो, क्लच दबाने के साथ गियर बदलना जरूरी होता है। इसी से छुटकारा दिलाने के लिए KTM ने एक नई मोटरसाइकिल का टीजर लॉन्च किया है, जो AMT गियरबॉक्स के साथ आएगी।
कार में भी रेस देने के लिए क्लच दबाने के साथ गियर बदलना जरूरी होता है, लेकिन कार में ऑटोमैटिक गियरबॉक्स दिए जाने लगे हैं। जिससे बार-बार गियर बदलने के झंझट से पीछ छुट गया है। लेकिन मोटरसाइकिल में ऐसा नहीं है। आज भी ज्यादातार बाइक मैनुअल गियरबॉक्स के साथ आती है। बाइक कंपनी KTM ने एक नई बाइक का टीजर जारी किया है। स्पोर्टस कंपनी की नई बाइक AMT गियरबॉक्स के साथ आएगी।
KTM 1390 Super Adventure
एडवेंचर और स्पोर्टस बाइक बनाने के लिए फेमस KTM ने एक नई बाइक पेश की है। इसका नाम KTM 1390 Super Adventure है। इस स्पोर्टस बाइक की सबसे खास चीज ये है कि इसमें ऑटोमैटिक गिरयबॉक्स मिलेगा। ऑटोमोटिव इंडस्ट्री में ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन टेक्नोलॉजी आने से बाइक के डेवलपमेंट को अच्छा बढ़ावा मिलेगा।
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केटीएम की नई बाइक में ऑटोमैटेड मैनुअल ट्रांसमिशन (AMT) गियरबॉक्स का इस्तेमाल किया गया है। इससे पता चलता है कि बाइक डेवलपमेंट तेजी से ऑटमैटिक ट्रांसमिशन की तरफ बढ़ रहा है। कार में पहले से ऑटोमैटिक गियर की टेक्नोलॉजी मिल रही हैं, लेकिन बाइक के लिए ऐसा होना खास बात है।
गियर बदलने का नया तरीका
केटीएम ने जो नई बाइक ऑटोमैटिक गियरबॉक्स के साथ पेश की है, वो एक प्रोटोटाइप है। इसमें गियर बदलने के लिए फुट गियर लीवर और हैंडलबार पर बटन लगे हैं। इस बाइक में क्लच लीवर नहीं है। इसमें गियर बदलने के लिए सिर्फ फुट लीवर या हैंडलबार बटन का इस्तेमाल किया जा सकता है। इससे बाइक चलाने का एक्सपीरियंस बेहतर हो जाएगा। केटीएम ने इस मोटरसाइकिल में Auto मोड दिया है, जिससे आप बेफिक्र होकर बिना गियर बदलने और क्लच की चिंता किए बाइक चला सकते हैं।
ऑटोमैटिक गियरबॉक्स कब आया
केटीएम की नई बाइक में ऑटोमैटिक गियरबॉक्स आने से पहले BMW और होंडा भी ऑटोमैटिक गियर वाली बाइक पेश कर चुके हैं। केटीएम का AMT सिस्टम, होंडा के ऑटोमैटिक गियर से अलग इसलिए है, क्योंकि KTM बाइक का सिस्टम गियर बदलने के लिए इलेक्ट्रिकल एक्चुएटर्स पर काम करता है। जबकि होंडा बाइक में डुअल क्लच सिस्टम के जरिए गियर बदले जाते हैं।
होंडा कंपनी की बाइक में DCT बटन या ऑटोमैटिक कॉग चेंज के साथ मैनुअली तौर पर भी गियर बदलने की सुविधा मिलती है। वहीं, केटीएम के एएमटी गियर लीवर के जरिए मैनुअली गियर बदलने की आजादी है।
