अमेरिका जाने वाले भारतीयों का अचानक H-1B वीजा रिनीवल अपॉइंटमेंट्स कैंसिल (सोर्स-सोशल मीडिया) 
विदेश

अमेरिका जाने वालों को झटका: भारत में H-1B वीजा अपॉइंटमेंट अचानक कैंसिल, 2026 तक मिली नई तारीखें

H-1B Appointment Cancellation: अमेरिका जाने वाले भारतीय प्रोफेशनल्स के लिए बुरी खबर है। दूतावास ने अचानक H-1B वीजा रिन्यूअल की अपॉइंटमेंट्स कैंसिल कर दी हैं, जिससे हजारों लोगों पर संकट मंडरा रहा है।

प्रिया सिंह

Social Media Vetting Rules 2025: अमेरिका में कार्यरत हजारों भारतीय पेशेवरों के लिए साल का अंत किसी बड़ी मुसीबत के साथ शुरू हुआ है। भारत में H-1B वीजा रिन्यूअल के लिए आए लोगों की पहले से तय इंटरव्यू अपॉइंटमेंट्स को अचानक रद्द कर दिया गया है। बिना किसी पूर्व चेतावनी के लिए गए इस फैसले ने उन लोगों की योजनाओं को पूरी तरह से पटरी से उतार दिया है। अब आवेदकों को कई महीनों और कुछ मामलों में तो अक्टूबर 2026 तक की नई तारीखें दी गई हैं, जिससे स्थिति गंभीर हो गई है।

क्यों कैंसिल हो रही हैं वीजा अपॉइंटमेंट?

अमेरिकी प्रशासन द्वारा वीजा प्रक्रिया में अचानक बढ़ाई गई सख्ती इस संकट की सबसे बड़ी वजह मानी जा रही है। नई रिपोर्टों के अनुसार, अब वीजा आवेदकों की बैकग्राउंड जांच और उनके सोशल मीडिया वेरिफिकेशन को पहले से कहीं अधिक गहराई से किया जा रहा है। इसी गहन जांच प्रक्रिया के कारण 15 दिसंबर के बाद निर्धारित लगभग सभी H-1B इंटरव्यू स्थगित कर दिए गए हैं। अमेरिकी दूतावास ने साफ संदेश दिया है कि पुरानी तारीखों पर आने वाले आवेदकों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा और उन्हें केवल नई आवंटित तारीखों का ही इंतजार करना होगा।

नौकरी और भविष्य पर मंडराता खतरा

इस अचानक आए बदलाव का सबसे घातक असर उन प्रोफेशनल्स पर पड़ा है जो केवल कुछ हफ्तों की छुट्टी लेकर भारत आए थे। चूंकि उनके पास वर्तमान में वैध वीजा स्टैंप नहीं है, इसलिए वे कानूनी तौर पर अमेरिका वापस नहीं लौट सकते। इससे न केवल उनकी नौकरी जाने का डर पैदा हो गया है, बल्कि अमेरिकी कंपनियों के प्रोजेक्ट्स भी बीच में लटक गए हैं। कई कर्मचारी भारत में ही फंस गए हैं और उनके सामने अनिश्चितता का पहाड़ खड़ा है क्योंकि नई तारीखें साल भर से भी अधिक समय बाद की मिल रही हैं।

सख्त नियमों और बढ़ी हुई फीस का असर

डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन का H-1B वीजा प्रोग्राम को लेकर शुरू से ही कड़ा रुख रहा है। हाल के दिनों में सोशल मीडिया गतिविधियों की कड़ी निगरानी और वीजा फीस में भारी बढ़ोत्तरी जैसे कदमों ने भारतीय आईटी सेक्टर की चिंता बढ़ा दी है।

इमिग्रेशन विशेषज्ञों का कहना है कि अब वीजा स्टैंपिंग की प्रक्रिया में न तो कोई स्पष्टता बची है और न ही पहले जैसा भरोसा। कई वकील इसे कर्मचारियों और कंपनियों दोनों के लिए एक बड़ी चुनौती बता रहे हैं क्योंकि इससे अंतरराष्ट्रीय कार्यबल का मनोबल गिरता है।

इमिग्रेशन विशेषज्ञों की राय और सलाह

ह्यूस्टन स्थित इमिग्रेशन वकील एमिली न्यूमैन सहित कई विशेषज्ञों ने इस स्थिति पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि बिना किसी नोटिस के अपॉइंटमेंट कैंसिल करना मानवीय और व्यावसायिक रूप से गलत है।

वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए विशेषज्ञों की सलाह है कि जब तक वीजा की स्थिति पूरी तरह साफ न हो जाए, तब तक भारत की यात्रा करने से बचना चाहिए। साथ ही, आवेदकों को अपनी सोशल मीडिया प्रोफाइल और बैकग्राउंड दस्तावेजों को पूरी तरह दुरुस्त रखने की हिदायत दी जा रही है ताकि भविष्य की जांच में कोई अड़चन न आए।

LPU में फिर मचा बवाल! बेकाबू भीड़ ने की तोड़फोड़, कई वाहनों को किया आग के हवाले

मुंबई पुलिस ने अभिजीत दीपके को दिखाया ठेंगा! प्रोटेस्ट की नहीं मिली इजाजत, CJP प्रमुख ने बताया अगला प्लान

CEC Resignation Rule: मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे के बाद कैसे चलता है चुनाव आयोग? VIDEO

देश को मिली पहली LNG ट्रेन! गृहमंत्री ने साबरमती स्टेशन से दिखाई हरी झंडी, रेलमंत्री को लेकर दिया बड़ा बयान

Ambala Building Collapse: अंबाला में भरभराकर गिरी निर्माणाधीन इमारत, 4 मजदूरों की मौत; कई मलबे में दबे