Putin Ceasefire Kyiv Upcoming Peace Talks Mission: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अमेरिकी दूतों की यूक्रेन यात्रा के दौरान कीव पर रूसी हवाई हमले रोकने का आदेश दिया है। क्रेमलिन के मुताबिक, यह अस्थायी रोक 6 सितंबर की आधी रात से तीन दिनों तक लागू रहेगी। इस फैसले को यूक्रेन में चल रही शांति वार्ता के बीच एक अहम कूटनीतिक कदम माना जा रहा है।
क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने बताया कि रूसी सेना को तीन दिनों के लिए कीव शहर पर हवाई हमले रोकने का निर्देश दिया गया है। इस दौरान मिसाइल और ड्रोन हमलों पर भी रोक रहेगी। यह फैसला अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर की यूक्रेन यात्रा से सीधे जुड़ा बताया जा रहा है।
मॉस्को की ओर से अचानक लिए गए इस फैसले को अमेरिकी दूतों की आगामी बातचीत के लिए तनाव कम करने की कोशिश के तौर पर देखा जा रहा है।
स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर शनिवार को मॉस्को पहुंचे थे, जहां उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ महत्वपूर्ण बातचीत की। इसके बाद दोनों दूतों के छह सितंबर को कीव पहुंचने और यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की से मुलाकात करने की उम्मीद है।
यह दौरा ट्रंप प्रशासन की उस कूटनीतिक कोशिश का हिस्सा है, जिसका मकसद रूस-यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने के लिए दोनों पक्षों के बीच बातचीत का रास्ता तैयार करना है।
पुतिन के तीन दिवसीय हमले रोकने के आदेश से पहले यूक्रेन के कई इलाकों में रूसी हमले जारी रहे। इन हमलों में पिछले 24 घंटों के दौरान सात लोगों की मौत और 51 लोगों के घायल होने की जानकारी सामने आई।
आज कीव के मध्य हिस्से में यूक्रेनी सुरक्षा सेवा यानी SBU के एक गैर-आवासीय मुख्यालय को भी ड्रोन हमले में निशाना बनाए जाने की बात सामने आई। इमारत को नुकसान पहुंचा और मलबे की चपेट में आने से 12 लोग घायल हुए।
अमेरिकी दूतों के कीव दौरे से पहले राजधानी कीव और बोरिसपिल के प्रमुख हवाई अड्डों पर भी हमले हुए थे। वोलोडिमिर जेलेंस्की ने आरोप लगाया था कि इन हमलों का उद्देश्य अमेरिकी राजनयिकों की यात्रा में बाधा डालना था।
बोरिसपिल में हुए हमले में दो महिलाओं के घायल होने की जानकारी दी गई थी। इन घटनाओं ने अमेरिकी दूतों की यात्रा से पहले सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी थी।
यूक्रेन ने इससे पहले पांच से आठ सितंबर तक चार दिन के एकतरफा युद्धविराम का प्रस्ताव रखा था, जिसे रूस की ओर से स्वीकार नहीं किया गया था। ऐसे में पुतिन का तीन दिनों के लिए कीव पर हमले रोकने का आदेश शांति वार्ता के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या यह अस्थायी रोक केवल अमेरिकी दूतों की यात्रा तक सीमित रहेगी या फिर दोनों देशों के बीच व्यापक और स्थायी युद्धविराम की दिशा में आगे बढ़ेगी। आने वाले दिनों में विटकॉफ, कुशनर, पुतिन और जेलेंस्की के बीच होने वाली बातचीत पर पूरी दुनिया की नजर रहेगी।