इजराइल में अल-अक्सा मस्जिद में नमाज पर रोक (सोर्स-सोशल मीडिया) 
विदेश

ईरान युद्ध के बीच अल-अक्सा मस्जिद में नमाज पर रोक, इजराइल ने सुरक्षा कारणों से उठाया बड़ा कदम

Friday Prayer Ban: ईरान के साथ जारी भीषण युद्ध के बीच इजराइल ने सुरक्षा का हवाला देते हुए अल-अक्सा मस्जिद में जुमे की नमाज पर पाबंदी लगा दी है। इस फैसले से पवित्र रमजान महीने में तनाव और बढ़ गया है।

प्रिया सिंह

Israel Iran War Mosque Closure: ईरान और इजराइल के बीच छिड़ा महायुद्ध अब धार्मिक स्थलों तक पहुंच गया है जिससे लोगों में भारी बेचैनी है। इजराइली प्रशासन ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए पुराने येरुशलम की ऐतिहासिक अल-अक्सा मस्जिद को बंद कर दिया है। जुमे की नमाज पर लगाई गई इस अचानक पाबंदी ने रमजान के पवित्र महीने में मुस्लिम समुदाय को काफी दुखी किया है। युद्ध की विभीषिका के बीच आस्था के केंद्रों पर ताले लगना पूरी दुनिया के लिए एक गंभीर और चिंताजनक संकेत है।

सुरक्षा और मिसाइल हमलों का हवाला

इजराइल की सिविल एडमिनिस्ट्रेशन का कहना है कि ईरान की ओर से होने वाले मिसाइल हमलों को देखते हुए यह कदम जरूरी था। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि है और किसी भी बड़े जमावड़े से बड़ा खतरा पैदा हो सकता है। फिलहाल पुराने शहर के सभी प्रमुख धार्मिक स्थलों को एहतियात के तौर पर अस्थायी रूप से बंद रखा गया है।

केवल मस्जिद ही नहीं सभी स्थल बंद

इजराइली अधिकारियों के मुताबिक इस पाबंदी के दायरे में केवल अल-अक्सा मस्जिद ही नहीं बल्कि अन्य स्थल भी शामिल हैं। पश्चिमी दीवार (वेस्टर्न वॉल) और पुराने शहर के प्रमुख चर्चों में भी श्रद्धालुओं के प्रवेश पर फिलहाल पूरी तरह रोक है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि अगले आदेश तक किसी भी पर्यटक या श्रद्धालु को इन पवित्र जगहों पर जाने की अनुमति नहीं मिलेगी।

इमाम और मुस्लिम समुदाय की नाराजगी

मस्जिद के वरिष्ठ इमाम इकरिमा सबरी ने इस फैसले की कड़ी आलोचना करते हुए इसे धार्मिक स्वतंत्रता का हनन बताया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन सुरक्षा का बहाना बनाकर हर मौके पर मस्जिद को बंद करने की कोशिश करता है जो सरासर गलत है। रमजान के दौरान लाखों लोग यहां इबादत के लिए आते थे लेकिन अब वहां की खामोशी श्रद्धालुओं का दिल तोड़ रही है।

युद्ध में बढ़ता हुआ मौत का आंकड़ा

इस भीषण संघर्ष में अब तक दोनों तरफ से जान-माल का भारी नुकसान हुआ है जो मानवता के लिए बहुत दुखद है। रिपोर्ट के अनुसार इजराइल में करीब 9 लोगों की मौत हुई है जबकि ईरान में इजराइल और अमेरिका के हमलों में 1200 लोग मारे गए हैं। मौत के ये बढ़ते आंकड़े और मिसाइलों की गूंज ने पूरे क्षेत्र के शांतिपूर्ण माहौल को पूरी तरह तबाह कर दिया है।

मस्जिद की विशाल क्षमता और पाबंदियां

अल-अक्सा मस्जिद परिसर इतना विशाल है कि यहां एक साथ करीब 5 लाख लोग नमाज अदा करने की क्षमता रखते हैं। हालांकि पिछले कुछ समय से इजराइली सुरक्षा बलों ने यहां आने वाले लोगों की संख्या को घटाकर महज 10 हजार तक सीमित कर दिया है। 1967 के युद्ध के बाद से इस इलाके का नियंत्रण इजराइल के पास है जिससे यहां अक्सर तनाव की स्थिति बनी रहती है।

सपा नेता सिनोद शाक्य को BJP ने बनाया प्रदेश कार्यसमिति का सदस्य, सोशल मीडिया पर वायरल हो रही लिस्ट

Hotel Room Safety: होटल में चेक-इन करते ही करें ये 10 जरूरी काम, सुरक्षा में न करें लापरवाही

गुवाहाटी के होटल में अंधाधुंध फायरिंग, गोलीबारी में 6 लोगों की मौत; सामने आया खौफनाक VIDEO

SIR पर विपक्ष के प्रदर्शन के जवाब में सड़क पर उतरेंगे केंद्रीय मंत्री! क्या है BJP का प्लान?

SIR के तीनों आदेश सर्वसम्मति से लिए गए, चुनाव आयोग का सुप्रीम कोर्ट में जवाब