France Viral Video : विदेश में बसने का सपना देखने वाले युवाओं के बीच फ्रांस में रहने वाले एक भारतीय व्यक्ति आदित्य का वीडियो चर्चा में है। इंस्टाग्राम पर @adi_in_france हैंडल से शेयर किए गए वीडियो में उन्होंने यूरोप की चमकदार तस्वीर के पीछे छिपी एक अलग हकीकत के बारे में बात की है।
उन्होंने वीडियो की शुरुआत सवाल से की, “क्या आप खामोशी के लिए तैयार हैं?” आदित्य ने कहा कि सोशल मीडिया पर यूरोप साफ-सुथरी सड़कों, बेहतर सुविधाओं और शानदार क्वालिटी ऑफ लाइफ के कारण बेहद आकर्षक दिखाई देता है। हालांकि, वहां पहुंचने के बाद लोगों को कम भीड़, कम शोर और अपेक्षाकृत शांत माहौल का अनुभव हो सकता है। भारत के चहल-पहल भरे माहौल में पले-बढ़े लोगों के लिए यह बदलाव शुरुआत में काफी अलग महसूस हो सकता है।
आदित्य ने बताया कि भारत में परिवार, पड़ोसी, रिश्तेदार और दोस्तों के बीच लगातार बातचीत और लोगों की मौजूदगी आम जिंदगी का हिस्सा है। वहीं यूरोप में व्यक्तिगत स्पेस को ज्यादा महत्व दिया जाता है। ऐसे में विदेश पहुंचने के बाद कई लोगों को सामाजिक जीवन की कमी महसूस हो सकती है।
उन्होंने अपने वीडियो के कैप्शन में लिखा कि विदेश आने वालों को मानसिक रूप से अकेलेपन के लिए तैयार रहना चाहिए, अपनों को याद करने के लिए तैयार रहना चाहिए और अपने सारे काम खुद करने की आदत डालनी चाहिए।
हालांकि, आदित्य ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका मकसद यूरोप को खराब बताना नहीं है। उनके मुताबिक, वहां की जिंदगी खराब नहीं बल्कि भारत से अलग है। अगर कोई व्यक्ति इस अंतर को पहले से समझकर विदेश जाता है तो उसके लिए नए माहौल में ढलना आसान हो सकता है।
वायरल वीडियो सामने आने के बाद कई यूजर्स ने आदित्य की बात से सहमति जताई। कुछ लोगों ने कहा कि विदेश में अच्छी सुविधाएं और शांति जरूर मिलती है, लेकिन नए लोगों से दोस्ती करने और मजबूत सोशल सर्कल बनाने में समय लग सकता है। वहीं कुछ यूजर्स ने इस खामोशी को अकेलापन नहीं बल्कि सुकून बताया।
कई भारतीयों के लिए विदेश में रहने की सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक परिवार और अपने करीबी लोगों से दूर रहना भी हो सकता है। आदित्य का वीडियो इसी ‘उम्मीद बनाम हकीकत’ को सामने रखता है और बताता है कि विदेश जाने का फैसला केवल सोशल मीडिया पर दिखाई देने वाली चमक देखकर नहीं, बल्कि वहां की वास्तविक जीवनशैली को समझकर लेना चाहिए।