Harassment In Lalgarh-Prayagraj Superfast Express: इन दिनों उत्तर मध्य रेलवे का आगरा रेल मंडल लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। रेलवे हमेशा दावा करता है कि यात्रियों की सुरक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और उन्हें सुरक्षित गंतव्य तक पहुंचाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाते हैं।
इसके बावजूद समय-समय पर सामने आने वाली घटनाएं रेलवे के सुरक्षा दावों पर सवाल खड़े कर देती हैं। आगरा के फतेहाबाद के पास लालगढ़-प्रयागराज सुपरफास्ट एक्सप्रेस में हुई ताजा घटना ने एक बार फिर रेल यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिया है।
बताते चलें कि शनिवार रात लालगढ़-प्रयागराज सुपरफास्ट एक्सप्रेस के जनरल कोच में बहन से छेड़छाड़ और अभद्र टिप्पणी का विरोध करना एक भाई को भारी पड़ गया। आरोप है कि कुछ युवकों ने पहले उसके साथ मारपीट की और फिर फतेहाबाद रेलवे स्टेशन के आउटर के पास चलती ट्रेन से धक्का देकर नीचे फेंक दिया। हमलावरों ने उसकी बहन को भी ट्रेन से बाहर फेंकने का प्रयास किया, लेकिन वह कोच में रखे सामान से टकराकर किसी तरह बच गई।
हमीरपुर जिले के थाना जरिया क्षेत्र निवासी भाई-बहन खाटू श्याम के दर्शन कर लौट रहे थे और लालगढ़-प्रयागराज सुपरफास्ट एक्सप्रेस के जनरल कोच से कानपुर जा रहे थे। पीड़ित का आरोप है कि आगरा कैंट स्टेशन से कुछ युवक ट्रेन में सवार हुए। उनमें से एक युवक उसकी बहन को लगातार घूरने और अभद्र टिप्पणियां करने लगा। पहले दोनों ने नजरअंदाज किया, लेकिन जब हरकतें नहीं रुकीं तो युवती ने विरोध जताया।
आरोप है कि विरोध के बाद युवक अपने साथियों के साथ दोबारा कोच में लौटा और भाई-बहन पर हमला कर दिया। मारपीट के बाद जब दोनों ने आरोपियों को पकड़ने की कोशिश की तो बदमाशों ने युवती को भी धक्का देने का प्रयास किया। वह तो बच गई, लेकिन उसका भाई चलती ट्रेन से नीचे जा गिरा और गंभीर रूप से घायल हो गया।
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घटना के बाद युवती ने तत्काल डायल-112 पर सूचना दी। ट्रेन के फतेहाबाद स्टेशन पहुंचने तक आरोपी फरार हो चुके थे। सूचना मिलने पर आरपीएफ और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची तथा घायल भाई-बहन को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र फतेहाबाद में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों अपने घर के लिए रवाना हो गए।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि यदि चलती ट्रेन में महिला यात्री से छेड़छाड़ होती है, विरोध करने पर खुलेआम मारपीट की जाती है और एक यात्री को ट्रेन से नीचे फेंक दिया जाता है, तो आम यात्रियों की सुरक्षा की जिम्मेदारी आखिर किसकी है? ऐसे मामलों से न केवल यात्रियों में भय का माहौल बनता है, बल्कि रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था और उसके दावों की भी गंभीर परीक्षा होती है।
आगरा रेल मंडल के जनसंपर्क अधिकारी संजय कुमार गौतम ने बताया कि चलती ट्रेन में मारपीट और युवक के गिरकर घायल होने की सूचना मिली है। घटना स्थल के पास सीसीटीवी कैमरे नहीं हैं। मामले की जांच की जा रही है। फिलहाल पीड़ितों की ओर से औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है, हालांकि आरपीएफ आरोपियों की पहचान कर उन्हें पकड़ने के प्रयास में जुटी है।