Agra Congress Candle March: उत्तर भारत में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में पीजी हॉस्टल की इमारत गिरने से छह बच्चों की मौत के मामले ने सियासी तूल पकड़ लिया है। घटना के विरोध में कांग्रेस देशभर में प्रदर्शन कर रही है। इसी क्रम में आगरा महानगर कांग्रेस कमेटी की ओर से सोमवार को कैंडल मार्च निकाला गया। सूर सदन चौराहे से शुरू हुआ मार्च संजय प्लेस होते हुए शहीद स्मारक तक पहुंचा।
कैंडल मार्च के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दिल्ली हादसे में जान गंवाने वाले बच्चों को श्रद्धांजलि दी और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। महानगर अध्यक्ष अमित सिंह ने घटना को भ्रष्टाचार का परिणाम बताते हुए केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि यदि सिस्टम में व्याप्त भ्रष्टाचार पर समय रहते अंकुश लगाया जाता तो छह मासूमों की जान बचाई जा सकती थी।
इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि बारिश और अव्यवस्थाओं से जुड़े हादसे लगातार सामने आ रहे हैं। उन्होंने दिल्ली में बारिश के दौरान होटल में पानी भरने की घटना, होटल में आग लगने और लखनऊ में शिक्षण संस्थान में हुए हादसे का जिक्र करते हुए केंद्र एवं प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं और आम लोगों को सुरक्षित वातावरण देने के लिए सरकार को जवाबदेह बनाना जरूरी है।
हालांकि, कांग्रेस के इस प्रदर्शन में कार्यकर्ताओं की सीमित संख्या भी चर्चा का विषय रही। मार्च में महानगर अध्यक्ष के साथ गिने-चुने कार्यकर्ता ही नजर आए। राजनीतिक हलकों में सवाल उठ रहे हैं कि लगातार सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलने वाली महानगर कांग्रेस आखिर अपने आंदोलनों में बड़ा जनसमर्थन क्यों नहीं जुटा पा रही है।
कैंडल मार्च के दौरान थाना हरीपर्वत पुलिस भी सतर्क रही। पुलिस ने प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था पर नजर बनाए रखी। मार्च शांतिपूर्ण तरीके से शहीद स्मारक पहुंचकर संपन्न हुआ। कांग्रेस अध्यक्ष के इन प्रदर्शनों में चुनिंदा कार्यकर्ताओं की मौजूदगी को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं होती रही हैं। इसके बावजूद महानगर अध्यक्ष अपने कार्यक्रमों के जरिए केंद्र और प्रदेश सरकार को घेरने में जुटे हैं।