Agra Congress Protest For Public Issues: शहर और ग्रामीण क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने सोमवार को जोरदार प्रदर्शन किया। सैकड़ों की संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता सुभाष पार्क पर एकत्रित हुए और नारेबाजी करते हुए जिला मुख्यालय की ओर कूच किया। प्रदर्शन के दौरान सड़क, पेयजल, किसानों की फसल, बापू नगर में सिंचाई विभाग के नोटिस और महंगाई समेत कई मुद्दे उठाए गए। प्रदर्शनकारियों ने प्रदेश सरकार और आगरा प्रशासन पर जनसमस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव कुनाल चौधरी ने कहा कि आगरा में विकास के दावों के बीच जमीनी हकीकत अलग दिखाई दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि शहर की कई सड़कों की स्थिति खराब है और आम जनता मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशान है। उन्होंने कहा कि कैबिनेट मंत्री योगेंद्र उपाध्याय के विधानसभा क्षेत्र स्थित उनकी कॉलोनी में करीब 20 दिनों से पानी की आपूर्ति नहीं होने रही है। इससे स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
कांग्रेस नेताओं ने ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र के पचकाई खेड़ा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। आरोप लगाया गया कि विकास प्राधिकरण के अधिकारियों की कार्रवाई के दौरान किसानों की खड़ी खरीफ फसल प्रभावित हुई और फसल पर बुलडोजर चलाए जाने से किसानों को भारी नुकसान हुआ। कांग्रेस ने मांग की कि प्रभावित किसानों को उनकी फसल का उचित मुआवजा दिया जाए।
वहीं, बापू नगर में सिंचाई विभाग की ओर से जारी किए गए नोटिस का मुद्दा भी प्रदर्शन में उठाया गया। कांग्रेस नेताओं का कहना था कि क्षेत्र में बड़ी संख्या में दलित समाज के परिवार रहते हैं और नोटिसों के कारण लोगों में दहशत का माहौल है। पार्टी ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर प्रभावित परिवारों को राहत देने की मांग की।
कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमित सिंह और जिला अध्यक्ष फौजी रामनाथ सिकरवार ने संयुक्त रूप से अपर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार बढ़ रहा है और आगरा में स्मार्ट सिटी की योजनाओं के बावजूद शहर की स्थिति बदहाल है। उन्होंने कहा कि एक तरफ शहर का आम आदमी पानी और खराब सड़कों जैसी समस्याओं से जूझ रहा है, वहीं दूसरी तरफ ग्रामीण क्षेत्र में किसानों की खड़ी फसल को नुकसान पहुंचने की शिकायतें सामने आ रही हैं।
कांग्रेस नेताओं ने महंगाई और आलू किसानों की स्थिति का मुद्दा भी उठाया। उनका कहना था कि आलू किसान लागत के मुकाबले बेहद कम कीमत पर अपनी उपज बेचने को मजबूर है। कांग्रेस के मुताबिक, कई किसानों को आलू करीब 200 रुपये बोरी के भाव में बेचना पड़ रहा है, जबकि एक बोरी आलू की लागत करीब 800 से 1000 रुपये तक पहुंच रही है। पार्टी ने सरकार से किसानों को राहत देने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि यदि इन समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया तो कांग्रेस सड़कों पर उतर आंदोलन को मजबूर होगी। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और जनसमस्याओं के समाधान की मांग की।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शहर में पेयजल और सड़क की समस्या, किसानों की फसल का नुकसान, बापू नगर के परिवारों की चिंता और बढ़ती महंगाई जैसे मुद्दों पर प्रशासन को गंभीरता से कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि समस्याओं का समाधान नहीं होने पर आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।