Abu Azmi ON Aaban Ahmed Death: महाराष्ट्र में समाजवादी पार्टी के नेता और विधायक अबू आजमी ने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार की एनकाउंटर नीति पर हमला बोला है। उन्होंने हाल ही में माफिया अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे आबान अहमद की मौत पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि जिन हालातों में घटना हुई, उससे यह भरोसा नहीं होता कि पूरी तरह न्याय भी मिलेगा।
अबू आजमी ने आबान अहमद की मौत को लेकर कहा घटना लेकर सवाल उठने स्वाभाविक है। अब तक घटना को लेकर जीतनी भी जानकारियां सामने आईं है वो संदेह पैदा करती हैं। सपा नेता ने कहा कि कानून को बिना किसी भेदभाव और हस्तक्षेप के अपना काम करने दिया जाना चाहिए। अबू आजमी ने कहा कि सिर्फ निष्पक्ष और पारदर्शी जांच से ही मामले की सच्चाई सामने आ सकती है।
अबू आजमी ने बिना नाम लिए योगी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि जो लोग दिन के उजाले में और पुलिस की कस्टडी में लोगों की गोली मरवा देते हैं, वो लोग क्या इस मामलें की जांच करेंगे। इंसाफ की उम्मीद नजर नहीं आ रही है। लोगों के पास अब एक ही रास्ता बचता है कोर्ट का लेकिन वहां भी अब संतुष्टि नहीं है। मैं इसे लेकर ज्यादा बोलकर अवमानना नहीं करना चाहता।
उन्होंने कहा कि अगर किसी के खिलाफ केस है, तो उसे पकड़िए। कई लोगों को पकड़ा भी गया है और उन्हें कानून के तहत सजा भी हुई है। सरकार यह दिखाती है कि हम बाहुबली हैं और किसी की दादागिरी बर्दाश्त नहीं करेंगे। अतीक अहमद और उनके परिवार के साथ जो कुछ हुआ और जो कुछ हो रहा है इसे लेकर लोगों को शक है कि इसमें कोई गड़बड़ी तो नहीं है।
अबू आजमी ने आबान अहमद की मौत को लेकर कहा आगे कहा कि वह जेल में नहीं था। अपने भाई से मिलने जा रहा था और एक्सीडेंट में उसकी मौत हो गई। इस मामले में राज्य सरकार शक के दायरे में है और इसकी निष्पक्ष एजेंसी से जांच करवानी चाहिए। जिससे लोगों को संतुष्टि मिल सके।
अतीक अहमद के परिवार के अन्य सदस्यों की सुरक्षा से जुड़े सवाल पर सपा नेता ने कहा कि फिलहाल वह निश्चित तौर पर इसे लेकर कुछ नहीं कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि इसका जवाब आने वाले समय में मिलेगा कि उन्हें कोई खतरा है या नहीं। हालांकि उन्होंने कहा कि उन्हें लगता है कि अतीक अहमद के परिवार के अन्य सदस्यों को किसी प्रकार का खतरा नहीं होना चाहिए। जब अबू आजमी से पूछा गया कि इसके पीछे किसका हाथ हो सकता है? इसके जवाब में उन्होंने कहा कि जब किसी की मौत पुलिस हिरासत में हुई है, तो इसके पीछे कौन हो सकता है?