Microduck Robot में क्या है खास। Source. Pollen
टेक्नॉलजी

बत्तख जैसा दिखता है ये छोटा Robot, लेकिन काम देखकर उड़ जाएंगे होश, 38 हजार में आया Microduck

Microduck Robot: AI और रोबोटिक्स की बदलती दुनिया में अब सिर्फ बड़े और इंसानों जैसे दिखने वाले ह्यूमनॉइड रोबोट ही चर्चा में नहीं रहते हैं। अब इसकी जगह छोटे आकार के रोबोट ने लें है।

सिमरन सिंह

Hugging Face Microduck: AI और रोबोटिक्स की बदलती दुनिया में अब सिर्फ बड़े और इंसानों जैसे दिखने वाले ह्यूमनॉइड रोबोट ही चर्चा में नहीं रहते हैं। अब इसकी जगह छोटे आकार के रोबोट ने लें ली है जो लोगों का ध्यान खींच रहे हैं। बता दें कि AI कंपनी Hugging Face ने ऐसा ही एक अनोखा रोबोट पेश किया है जो देखने में किसी छोटी बत्तख जैसा लगता है। इसका नाम Microduck है। आकार छोटा होने के बावजूद यह चल सकता है, चीजें उठा सकता है और सबसे खास बात इसे नए स्किल भी सिखाए जा सकते हैं। वहीं इसकी कीमत 399 डॉलर यानी करीब 38 हजार रुपये बताई गई है।

25 सेंटीमीटर का रोबोट, वजन 800 ग्राम से भी कम

Microduck के बारे में बताए तो इसकी लंबाई करीब 25 सेंटीमीटर है और इसका वजन 800 ग्राम से कम है। वहीं कंपनी ने इसे खासतौर पर रिसर्चर्स, डेवलपर्स और फिजिकल AI में प्रयोग करने वाले लोगों के लिए तैयार किया है। जिसका मकसद महंगे और बड़े रोबोट्स के बजाय एक ऐसा किफायती प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराना है जिस पर वास्तविक दुनिया के कामों को लेकर प्रयोग किए जा सकें। वहीं छोटा आकार इसे लैब, डेवलपमेंट एनवायरमेंट और अलग-अलग प्रयोगों के लिए सुविधाजनक भी बनाता है।

Microduck Robot में क्या है खास।

Reinforcement Learning से सिखा सकेंगे नए हुनर

Microduck को लेकर सबसे दिलचस्प खूबी इसका ओपन-सोर्स सिस्टम है। जिसमें Hugging Face के CEO Clem Delangue ने बताया है कि डेवलपर्स और रिसर्चर्स इसके व्यवहार और क्षमताओं में बदलाव कर सकते हैं।

इसको आसान भाषा में समझे तो यूजर पहले Microduck के किसी नए काम या व्यवहार को सिमुलेशन में ट्रेन कर सकते हैं। इसके बाद उस ट्रेनिंग को टेस्ट किया जा सकता है और फिर उसी व्यवहार को असली Microduck रोबोट में ट्रांसफर कर सकते हैं।

जानकारी में बताया जा रहा है कि इसके लिए कंपनी सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट किट, सिमुलेशन एनवायरमेंट और Reinforcement Learning टूल्स को ओपन सोर्स उपलब्ध करा रही है। इससे रोबोटिक्स सीखने और नए प्रयोग करने वालों के लिए एंट्री बैरियर कम हो सकता है।

15 मोटर और LiDAR सेंसर, चोंच से उठा लेता है वजन

Microduck के छोटे शरीर में टेक्नोलॉजी की कमी नहीं है। इसमें 15 मोटर, एक LiDAR सेंसर, कैमरा और दो IMU (Inertial Measurement Unit) दिए गए हैं। ये सिस्टम रोबोट को अपने मूवमेंट को समझने, संतुलन बनाए रखने और आसपास के वातावरण के साथ बेहतर तरीके से इंटरैक्ट करने में मदद करते हैं। वहीं सबसे मजेदार हिस्सा इसकी बत्तख जैसी चोंच है। यह केवल डिजाइन का हिस्सा नहीं बल्कि एक आर्टिकुलेटेड ग्रिपर की तरह काम करती है। इसकी मदद से Microduck करीब 800 ग्राम तक की चीज उठा सकता है जिसका सीधा मतलब है कि लगभग अपने वजन के बराबर।

इस लिहाज से Microduck सिर्फ मनोरंजन के लिए बनाया गया खिलौना रोबोट नहीं है। कम कीमत, ओपन-सोर्स सॉफ्टवेयर और AI ट्रेनिंग की सुविधा इसे फिजिकल AI और रोबोटिक्स रिसर्च के लिए एक दिलचस्प प्लेटफॉर्म बना सकती है।

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