China के AI Traffic Police Robot हुए वायरल। Source. Social Media
टेक्नॉलजी

चीन में AI रोबोट बने ट्रैफिक पुलिस, हेलमेट और स्टॉप लाइन तोड़ने वालों पर कसा शिकंजा, 40% तक घटे मामले

AI Traffic Police: AI अब सिर्फ सवालों के जवाब देने या ऑफिस के काम आसान बनाने तक सीमित नहीं है। यह तकनीक अब सड़कों पर ट्रैफिक मैनेजमेंट में भी अपनी भूमिका बढ़ा रही है।

सिमरन सिंह

China Robot Traffic Police: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अब सिर्फ सवालों के जवाब देने या ऑफिस के काम आसान बनाने तक सीमित नहीं है। यह तकनीक अब सड़कों पर ट्रैफिक मैनेजमेंट में भी अपनी भूमिका बढ़ा रही है। बता दें कि चीन के हांगझोउ शहर में AI से लैस रोबोटिक ट्रैफिक पुलिस को व्यस्त चौराहों पर तैनात किया गया है। वहीं दावा है कि इन रोबोट्स की मौजूदगी और निगरानी से बिना हेलमेट वाहन चलाने और स्टॉप लाइन पार करने जैसे ट्रैफिक उल्लंघनों में करीब 40 फीसदी तक कमी आई है।

पहियों पर चलती है ये रोबोटिक पुलिस

रॉयटर्स की रिपोर्ट बताती है कि चीन में ट्रैफिक पुलिस के नियमित कामों में मदद के लिए इन रोबोट्स का इस्तेमाल किया जा रहा है। इन्हें चीनी टेक्नोलॉजी कंपनी SUPCON Information ने तैयार किया है और इनका नाम T2 रखा गया है। वहीं T2 रोबोट की लंबाई करीब 1.88 मीटर और वजन लगभग 98 किलोग्राम है। यह पहियों की मदद से चलता है और इसके हाथ इंसानी ट्रैफिक पुलिस की तरह इशारे कर सकते हैं। इसको लेकर खास बात यह है कि यह तय इलाकों में खुद काम करने में सक्षम है।

कैमरा और रडार से पकड़ते हैं नियम तोड़ने वाले

जानकारी में बताया जा रहा है कि इन रोबोट्स में कैमरे, रडार और ऑनबोर्ड कंप्यूटिंग सिस्टम लगाए गए हैं। इनकी मदद से रोबोट बिना हेलमेट बाइक या ई-बाइक चलाने वाले लोगों, अतिरिक्त सवारी, स्टॉप लाइन से आगे वाहन रोकने और गलत सिग्नल पर सड़क पार करने वाले पैदल यात्रियों की पहचान कर सकता है। वहीं नियम टूटने पर रोबोट संबंधित व्यक्ति को तुरंत अलर्ट भी दे सकता है। इसके सात-जॉइंट वाले हाथ ट्रैफिक सिग्नल के अनुसार मूव करते हैं जिससे चौराहे पर वाहन और पैदल यात्रियों की आवाजाही को व्यवस्थित करने में मदद मिलती है।

ट्रैफिक के साथ लोगों की भी करेगा मदद

T2 की भूमिका केवल ट्रैफिक कंट्रोल तक सीमित नहीं है। लोग इससे रास्ता, ट्रैफिक नियम और पार्किंग से जुड़े सवाल पूछ सकते हैं। किसी आपात स्थिति में इसका इमरजेंसी फीचर लोगों को स्थानीय पुलिस से जोड़ने में भी मदद कर सकता है।

15 रोबोट, 1.70 लाख से ज्यादा अलर्ट

SUPCON ने इसको लेकर बताया है कि हांगझोउ में अब तक ऐसे 15 रोबोट तैनात किए गए हैं और इनकी ओर से 1.70 लाख से ज्यादा अलर्ट जारी किए जा चुके हैं। वहीं कंपनी का दावा है कि इनके इस्तेमाल के बाद बिना हेलमेट ड्राइविंग और स्टॉप लाइन पार करने जैसे मामलों में करीब 40 फीसदी की कमी आई।

वहीं ये रोबोट सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक तय रास्तों पर बिना रिमोट कंट्रोल के काम कर सकते हैं। लेकिन पुलिस एक केंद्रीय प्लेटफॉर्म से इनकी निगरानी करती है और जरूरत के अनुसार इन्हें दूसरी जगह भेज सकती है। अगर यह प्रयोग लंबे समय तक सफल रहता है तो आने वाले समय में AI आधारित ट्रैफिक सिस्टम दुनिया के दूसरे शहरों में भी देखने को मिल सकते हैं।

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