AI chatbot गया स्पेस में। (सौ. China Manned Space Engineering Office) 
टेक्नॉलजी

अंतरिक्ष में पहुंचा AI चैटबॉट, चीन ने तियांगोंग स्पेस स्टेशन पर किया डिप्लॉय

Wukong AI: AI चैटबॉट अब अंतरिक्ष में भी कदम रख चुके हैं। चीन ने अपने तियांगोंग स्पेस स्टेशन में एक एडवांस्ड AI चैटबॉट डिप्लॉय किया है, जो कमाल कर रहा है।

सिमरन सिंह

China space station: धरती पर इंसानों की मदद करने वाले AI चैटबॉट अब अंतरिक्ष में भी कदम रख चुके हैं। चीन ने अपने तियांगोंग स्पेस स्टेशन में एक एडवांस्ड AI चैटबॉट डिप्लॉय किया है, जिसका नाम Wukong AI रखा गया है। यह चैटबॉट न सिर्फ अंतरिक्ष यात्रियों की मदद कर रहा है, बल्कि स्पेस मिशनों को और अधिक स्मार्ट व सुरक्षित बनाने में अहम भूमिका निभा रहा है।

पहला मिशन सफलतापूर्वक पूरा

पिछले महीने लॉन्च किया गया यह चैटबॉट अपना पहला मिशन सफलतापूर्वक पूरा कर चुका है। जानकारी के अनुसार, इसने स्पेस स्टेशन पर मौजूद अंतरिक्ष यात्रियों को स्पेसवॉक के दौरान नेविगेशन और टैक्टिकल प्लानिंग में मदद की। इसे खासतौर पर इस तरह डिजाइन किया गया है कि यह स्पेस क्रू को रियल-टाइम सपोर्ट दे सके और हर मिशन के हिसाब से खुद को एडजस्ट कर सके।

दो मॉड्यूल में काम करता है Wukong AI

चीन ने बताया कि Wukong AI पारंपरिक चैटबॉट की तरह काम करता है, लेकिन इसकी क्षमताएं बेहद उन्नत हैं। इसमें दो मॉड्यूल शामिल हैं

  • स्पेस मॉड्यूल: तियांगोंग स्पेस स्टेशन में इंस्टॉल किया गया है, जो अंतरिक्ष यात्रियों को सवालों के जवाब और तकनीकी सहायता प्रदान करता है।
  • धरती मॉड्यूल: यह डेटा एनालिसिस करता है और ग्राउंड टीम को अंतरिक्ष मिशन से जुड़ी रिपोर्ट उपलब्ध कराता है।

दोनों मॉड्यूल मिलकर इसे एक एडवांस्ड AI असिस्टेंट बनाते हैं, जो हर जटिल परिस्थिति में क्रू का सहयोग करता है। इसे 15 जुलाई को इंस्टॉल किया गया था और इसी महीने से इसने कार्य करना शुरू किया है।

क्या-क्या कर सकता है Wukong AI?

चीन के अंतरिक्ष प्रशिक्षण केंद्र के एक अधिकारी ने बताया, “यह सिस्टम गंभीर ऑपरेशन और तकनीकी खामियों को दूर करने में तेज और असरदार जानकारी उपलब्ध कराता है। यह अंतरिक्ष यात्रियों की एफिशिएंसी को बढ़ाने, मानसिक समर्थन देने और ग्राउंड टीम व स्पेस क्रू के बीच बेहतर तालमेल बनाने में मदद करता है।” इस चैटबॉट की मदद से चीन का स्पेस मिशन और भी तेज, सुरक्षित और प्रभावी बन सकता है।

वैश्विक स्पेस रेस में चीन का कदम

यह पहली बार है जब चीन ने अपने स्पेस स्टेशन पर किसी AI चैटबॉट को तैनात किया है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है, जब अमेरिका, रूस और यूरोप समेत कई देश स्पेस रिसर्च और तकनीकी वर्चस्व की दौड़ में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। चीन का यह प्रयास भविष्य में AI और अंतरिक्ष विज्ञान के गहरे मेल का बड़ा उदाहरण साबित हो सकता है।

BRICS Summit 2026 LIVE: 50 मिनट चली पीएम मोदी-जिनपिंग की बैठक, अब डिनर के लिए जा रहे ब्रिक्स लीडर्स

UP ATS का बड़ा एक्शन: अलकायदा का संदिग्ध आतंकी मोहम्मद नबील आजमगढ़ से गिरफ्तार, पाकिस्तान से जुड़े थे तार

ग्लोबल बनी भारतीय विरासत… BRICS समिट में पीएम नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को सौंपा तिरुक्कुरल

BRICS Summit 2026: न्यूक्लियर डिक्लेरेशन जारी, मिडिल ईस्ट को परमाणु मुक्त बनाने और आतंक के खात्मे की अपील

PHOTOS: मोदी, पुतिन और जिनपिंग की बॉन्डिंग, ईरान के साथ कूटनीति; देखें BRICS समिट की 10 शानदार तस्वीरें