पेरिस: भारत के लिए पेरिस ओलंपिक 2024 में 7 अगस्त का दिन काफी निराशाजनक रहा। ओलंपिक में भारत को टेबल टेनिस में भी निराशा ही मिली है। अर्चना कामथ महिला टेबल टेनिस टीम स्पर्धा के क्वार्टर फाइनल में जर्मनी से 1-3 से हारकर बाहर हो गई हैं। इसी के साथ भारत को टेबल टेनिस में सफर खत्म हो गया है।
श्रीजा अकुला और अर्चना की भारतीय जोड़ी को शुरुआती युगल मैच में युआन वान और जिओना शान की जोड़ी से 5-11 11-8 10-12 6-11 से पराजय झेलनी पड़ी। श्रीजा और अर्चना तीसरे गेम तक जिम्मेदारी संभाले थीं लेकिन ड्यूस में हार गईं। फिर उन्होंने मैच भी गंवा दिया। पहले एकल में एनेट कॉफमैन के खिलाफ भारत की स्टार खिलाड़ी मनिका बत्रा अपनी सर्वश्रेष्ठ फॉर्म में नहीं दिखीं।
उन्होंने पहला गेम जीता लेकिन अगले तीन गेम हारकर मैच 11-8 5-11 7-11 5-11 से गंवा बैठीं। इससे जर्मनी की टीम 2-0 से बढ़त बनाने में कामयाब रही। इसके बाद अर्चना ने भारत को उम्मीद की किरण दिखाई। दूसरे एकल में उन्होंने जिओना शान पर 19-17 1-11 11-5 11-9 से जीत हासिल की। तीसरे एकल में कॉफमैन ने श्रीजा को 11-6 11-7 11-7 से हराकर जर्मनी को जीत दिलाई और सेमीफाइनल में प्रवेश किया।
भारतीय महिला टीम ने सोमवार को एक रोमांचक मुकाबले में उच्च रैंकिंग वाली रोमानिया को 3-2 से हराकर क्वार्टरफाइनल में जगह बनाई थी। अनुभवी अचंता शरत कमल की अगुआई वाली भारतीय पुरुष टीम मंगलवार को प्री क्वार्टरफाइनल में चीन से 0-3 से हारकर बाहर हो गई थी।
मनिका और श्रीजा ने ओलंपिक की व्यक्तिगत स्पर्धा के राउंड 16 में पहुंचने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बनकर इतिहास रच दिया था। लेकिन दोनों ही अपने से ऊंची रैंकिंग वाली प्रतिद्वंद्वियों से हारकर बाहर हो गईं। भारत ने पेरिस ओलंपिक में पहली बार टीम स्पर्धा में हिस्सा लिया। पुरुष और महिला टेबल टेनिस टीम स्पर्धायें 2008 बीजिंग ओलंपिक में शुरू हुई थीं।
(एजेंसी इनपुट के साथ)