अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी क्रिकेट स्टेडियम में बीते मंगलवार 3 जून को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने इतिहास रचा। 17 साल के सूखे को खत्म करते हुए टीम ने आईपीएल 2025 के खिताब को अपने नाम किया। इस जीत के बाद पूरे देशभर में आरसीबी फैंस ने जश्न मनाया। वहीं, बुधवार को रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए ये जश्न मातम के रूप में बदल गया।
आईपीएल 2025 की चैंपियन टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर फैंस जश्न मनाने के लिए पहुंचे। इस दौरान जैसे ही स्टेडियम के मेन गेट पर फैंस की एंट्री होने लगी, तो ठीक इसी वक्त भगदड़ मच गई। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भगदड़ के चलते 11 लोगों की मौत हो गई। इसके अलावा कई लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं।
अब ऐसे में सबसे बड़ा सवाल ये खड़ा होता है कि आखिर इन लोगों की मौत का जिम्मेदार कौन है? आरसीबी का मैनेजमेंट या फिर कर्नाटक सरकार, मौत के घाट उतर चुके 11 लोगों की जिम्मेदारी कौन लेगा? इस घटना के बाद लोग इन सब सवालों के जवाब पूछ रहे हैं।
बेंगलुरू के चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर आरसीबी के जश्न के दौरान हुई घटना पर कर्नाटक के डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार का बयान सामने सामने आया। उन्होंने कहा कि "ये जोश से भरे युवाओं की भीड़ थी। इस कारण हम लाठी का इस्तेमाल नहीं कर सकते थे। भीड़ बेकाबू थी, पुलिस को परेशानी हो रही थी, इसलिए जुलूस रोकना पड़ा।"
वहीं, आरसीबी के सेलिब्रेश वाले प्रोग्राम पर केंद्रीय मंत्री पह्लाद जोशी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि "खराब प्लानिंग और मैनेजमेंट का नतीजा है। यह घटना साफ तौर पर राज्य सरकार की लापरवाही और भीड़ प्रबंधन की विफलता को दर्शाती है। बिना आपात सेवाओं की तैयारी और उचित योजना के जश्न का फैसला दुर्भाग्यपूर्ण था। यह हादसा रोका जा सकता था। सरकार जिम्मेदार है और जवाबदेही तय होनी चाहिए।" लोग मरते रहे जश्न चलता रहा…11 लोगों की मौत के बाद भी एम. चिन्नास्वामी में जारी रहा RCB का सेलिब्रेशन
एम. चिन्नास्वामी पर हुई सात लोगों की मौत पर आईपीएल के चेयरमैन का बयान सामने आया। IPL के चेयरमैन अरुण धूमल ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि यह कार्यक्रम भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) या आईपीएल के द्वारा आयोजित नहीं किया गया था। उन्होंने बताया कि ये आरसीबी का इवेंट था।
बेंगलुरु में घटी इस दुखद घटना पर बीसीसीआई के वाइस प्रेसिडेंट राजीव शुक्ला का बयान भी सामने आया। उन्होंने कहा कि "यह चिंता की बात है, हमारे लिए बहुत बड़ा सबक है। ये बीसीसीआई का नहीं आरसीबी फ्रेंचाइजी का कार्यक्रम था। लेकिन उन्होंने भी नहीं सोचा था कि इतनी बड़ी भीड़ उमड़ पड़ेगी। उन्होंने सोचा होगा कि वानखेड़े की तरह अंदर स्टेडियम के अंदर कार्यक्रम होगा, लेकिन भीड़ बहुत आ गई।"