बाबर आजम (फोटो-सोशल मीडिया)  
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पाक क्रिकेट में खलबली, बाबर आजम को बाहर करने के पीछे कौन? सेलेक्टर्स ने ही खोल दिया मोर्चा, जांच की उठी मांग

Pakistan Cricket Team: पाकिस्तान की चयन समिति के सदस्य आकिब जावेद ने कहा कि बाबर आजम को बांग्लादेश के खिलाफ एकदिवसीय श्रृंखला के लिए चोट के कारण नहीं चुना गया।

संजय सिंह बिष्ट

Babar Azam Controversy: पाकिस्तान की राष्ट्रीय क्रिकेट टीम इन दिनों अपने खेल से ज्यादा अंदरूनी अव्यवस्था को लेकर चर्चा में है। हाल ही में खेले गए ICC Men's T20 World Cup 2026 में टीम के निराशाजनक प्रदर्शन के बाद अब चयन प्रक्रिया और खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। पाकिस्तान की चयन समिति के सदस्य आकिब जावेद के एक बयान ने पूरे मामले को और अधिक चर्चा में ला दिया है।

बाबर आजम की चोट को लेकर हुआ बड़ा खुलासा

14 मार्च को आयोजित संवाददाता सम्मेलन में आकिब जावेद ने बताया कि बांग्लादेश के खिलाफ तीन मुकाबलों की एकदिवसीय श्रृंखला के लिए बाबर आजम को इसलिए नहीं चुना गया क्योंकि वह चोटिल थे। आकिब जावेद के अनुसार बाबर आजम को यह चोट टी20 विश्व कप के दौरान लगी थी। जब वह श्रीलंका से वापस पाकिस्तान लौटे तो चिकित्सकों ने उनकी जांच की। जांच के बाद पता चला कि वह पूरी तरह स्वस्थ नहीं हैं। चोट की वजह से ही बाबर आजम राष्ट्रीय टी20 प्रतियोगिता में भी हिस्सा नहीं ले सके। उन्होंने खेलने की इच्छा जताई थी, लेकिन चोट के कारण उन्हें मैदान से दूर रहना पड़ा।

चयनकर्ताओं को समय पर नहीं मिली जानकारी

आकिब जावेद ने इस पूरे मामले को लेकर टीम प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जब कोई टीम बड़े अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में खेलने जाती है तो खिलाड़ियों की फिटनेस और चोट से जुड़ी जानकारी टीम प्रबंधन के पास होती है। उन्होंने कहा कि चयनकर्ताओं को बाबर आजम और फखर जमान की चोट के बारे में समय पर जानकारी नहीं दी गई। यह हैरान करने वाली बात है कि विश्व कप समाप्त होने के बाद ही चयन समिति को इस बारे में बताया गया।

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड से जांच की मांग

आकिब जावेद ने इस मामले की जांच की मांग भी की है। उन्होंने कहा कि चयन समिति ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड से इस पूरे मामले की जांच कराने का अनुरोध किया है। उनका कहना है कि यह पता लगाया जाना चाहिए कि टीम प्रबंधन खिलाड़ियों की फिटनेस पर सही तरीके से ध्यान दे रहा था या नहीं। साथ ही यह भी स्पष्ट होना चाहिए कि चयनकर्ताओं को खिलाड़ियों की चोट की जानकारी समय पर क्यों नहीं दी गई।

अंतिम ग्यारह का फैसला चयन समिति नहीं करती

संवाददाता सम्मेलन के दौरान आकिब जावेद ने चयन समिति की भूमिका को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि चयन समिति का काम अंतिम ग्यारह खिलाड़ियों का चयन करना नहीं होता। उनके अनुसार यह निर्णय टीम के कप्तान और मुख्य प्रशिक्षक द्वारा लिया जाता है और उन्हें इसके लिए पूरी स्वतंत्रता भी होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान में क्रिकेट को बेहतर बनाने के लिए कई प्रयास किए गए और कई बदलाव भी लागू किए गए, लेकिन अब तक उम्मीद के अनुसार परिणाम नहीं मिल सके हैं।

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