1980 के दशक में टीम इंडिया के खिलाड़ी (फोटो- सोशल मीडिया) 
क्रिकेट

पूर्व क्रिकेटर दिलीप दोषी का निधन, 77 साल की उम्र में दुनिया को कहा अलविदा

भारत के पूर्व खिलाड़ी दिलीप दोषी ने 77 साल की उम्र में आखिरी सांस ली। लंदन में दिल का दौरा पड़ने से उनकी मौत हो गई। उन्होंने टीम इंडिया के लिए चार साल के छोटे से करियर में 100 से ज्यादा विकेट लिए हैं।

संजय सिंह बिष्ट

क्रिकेट जगत से इस वक्त दुखद खबर सामने आ रही है। खबर है कि टीम इंडिया के पूर्व खिलाड़ी दिलीप दोषी का सोमवार को 77 साल की उम्र में निधन हो गया। वो भारतीय टीम के लिए बाएं हाथ से स्पिन गेंदबाजी की भूमिका निभाते थे। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने उनके निधन की पुष्टि की।

बीसीसीआई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर लिखा कि "बीसीसीआई भारत के पूर्व स्पिनर दिलीप दोषी के दुखद निधन पर शोक व्यक्त करता है, जिनका दुर्भाग्य से लंदन में निधन हो गया। उनकी आत्मा को शांति मिले।" दिलीप दोषी ने क्रिकेट से जल्द ही संन्यास ले लिया था। साल 1980 के दशक में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया था।

32 साल की उम्र में किया था डेब्यू

दिलीप दोषी ने टीम इंडिया के लिए 32 साल की उम्र में डेब्यू कर लिया था। इस दौरान उन्होंने महज चार साल के लिए टीम इंडिया में खेला, लेकिन इस छोटे से करियर में उन्होंने 100 से ज्यादा विकेट हासिल कर लिए। उस वक्त वह टीम इंडिया के लिए सबसे फाइन बाएं हाथ के स्पिन गेंदबाज माने जाते थे। दिलीप दोषी ने 1979 से 1983 के बीट टीम इंडिया के लिए खेला। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय करियर में कुल 33 टेस्ट और 15 वनडे मुकाबले खेले हैं।

जल्द ले लिया था संन्यास

दिलीप दोषी टीम इंडिया के उन चुनिंदा खिलाड़ियों में से थे, जो शानदार प्रदर्शन करने के बावजूद जल्द संन्यास की घोषणा कर गए। उन्होंने 1980 के दशक में इंटरनेशनल क्रिकेट को गुपचुप तरीके से अलविदा कह दिया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक दोषी भारतीय क्रिकेट के संचालन के तरीके से सहमत नहीं थे। उनकी आत्मकथा 'स्पिन पंच' में इन सब बातों का जिक्र हैं। उन्होंने किताब में अपने क्रिकेट करियर के दिनों के दिनों के बारे में खुलकर बात की है।

दिलीप दोषी के परिवार में उनकी पत्नी कालिंदी, बेटी विशाखा और बेटा नयन है। उनका नाम टीम इंडिया के उन चुनिंदा क्रिकेटरों में शामिल हैं, जिन्होंने अपने पहले ही टेस्ट मुकाबले में पांच विकेट लिए हो। अगर बात करें प्रथम श्रेणी की तो दोषी ने वहां पर कुल 898 विकेट चटकाए हैं।

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