Kajari Teej Puja Items: आज 31 अगस्त सोमवार को कजरी तीज का व्रत रखा जा रहा है। अखंड सौभाग्य का प्रतीक कजरी तीज का व्रत यह व्रत सुहागन महिलाओं में खास महत्व रखता है। यह त्योहार मुख्य रूप से राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और बिहार समेत पूरे उत्तर भारत में बहुत धूमधाम से मनाया जाता है। खासकर सुहागिन महिलाएं इस दिन का बेसब्री से इंतजार करती है।
धार्मिक मान्यता के अनुसार, इस व्रत को विधिपूर्वक करने से पति की लंबी उम्र और अखंड सौभाग्य का आशीर्वाद प्राप्त होता है और वैवाहिक जीवन में सदैव सुख-शांति बनी रहती है।
इस खास अवसर पर मां पार्वती को सोलह श्रृंगार अर्पित की परंपरा है। अगर आपके पास श्रृंगार की 16 चीजें नहीं हैं, तो सुहाग की इन 5 चीजों को पूजा की थाली में जरूर शामिल करना चाहिए।
ऐसा माना जाता है कि सुहाग की इन 5 चीजों को मां पार्वती को अर्पित करने से वैवाहिक जीवन में खुशियों का आगमन होता है और साथ ही कुंवारी कन्याओं के विवाह में आ रही बाधाएं दूर होती हैं। कजरी तीज की पूजा थाली में किन चीजों का होना जरूरी है यहां जानिए?
कजरी तीज की पूजा थाली में सिंदूर जरूर होना चाहिए। सिंदूर को अखंड सौभाग्य, पवित्रता और सुहाग का प्रतीक माना जाता है। विवाहित महिलाएं अपनी मांग में सिंदूर लगाती हैं। इसे पति की लंबी आयु और मां पार्वती के आशीर्वाद का संकेत माना जाता है।
कजरी तीज के शुभ अवसर पर पूजा के दौरान मां पार्वती को मेहंदी जरूर अर्पित करें। हिंदू धर्म में मेहंदी को सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। मेहंदी वैवाहिक जीवन में प्रेम और शुभता लाती है। पूजा के बाद मेहंदी को प्रसाद के रूप में अपने हाथों पर जरूर लगाएं।
कजरी तीज की पूजा थाली में लाल या हरी चूड़ियां भी शामिल न भूलें। हिंदू धर्म में हरा रंग हरियाली और लाल रंग सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है। इसलिए विवाहित महिलाएं तीज -त्योहार हरा रंग और लाल रंग पहनना नहीं भूलती है।
कजरी तीज की पूजा थाली में लाल बिंदी को जरूर शामिल करें। 16 श्रृंगार में बिंदी को अधिक महत्व दिया गया है। इसलिए सुहागिन महिलाएं अपने माथे पर बिंदी लगाती हैं।
इस व्रत के दौरान पूरे दिन और रात भर अन्न और जल का त्याग किया जाता है।
अगले दिन स्नान करने के बाद पूजा-अर्चना करें और सात्विक भोजन से व्रत का पारण करें।
व्रत के दौरान किसी से वाद-विवाद नहीं करना चाहिए। साथ ही मन में किसी के बारे में गलत न सोचें।
इस दिन सुहागिन महिलाओं को काले रंग के कपड़े नहीं पहनने चाहिए।
कजरी तीज के दिन सुहागिन महिलाओं को सोलह श्रृंगार जरूर करना चाहिए। इस दिन सोलह श्रृंगार करने का अधिक महत्व है।
इस दिन हरे या लाल रंग के वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है।
काले या सफेद रंग के कपड़े और चूड़ियां पहनना पूरी तरह से वर्जित है।