Wardha Tiger Attack: वर्धा जिले के आष्टी-शहिद तहसील के नरसिंहपुर परिसर में बाघ के हमले में किसान राम उदेभान भोयर की मौत के बाद क्षेत्र में भय का माहौल है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए सांसद अमर काले ने वर्धा के उपवनसंरक्षक को पत्र भेजकर नरभक्षी बाघ का तत्काल बंदोबस्त करने की मांग की है।
सांसद अमर काले ने वन विभाग को भेजे पत्र में कहा कि नागपंचमी के दिन खेत में पूजा करने गए किसान रामभाऊ भोयर पर बाघ ने हमला कर दिया था, जिसमें उनकी मौत हो गई। इस घटना के बाद नरसिंहपुर परिसर और आसपास के गांवों में भय का माहौल बना हुआ है।
ग्रामीणों के मुताबिक, बाघ की मौजूदगी के कारण कई किसान अब खेतों में जाने से भी डर रहे हैं। इससे खेती के काम पर भी असर पड़ने की आशंका है। सांसद काले ने वन विभाग से बाघ को तत्काल पकड़ने की मांग की है।
साथ ही उन्होंने प्रभावित क्षेत्र में आवश्यक सुरक्षा उपाय बढ़ाने और बाघ को पकड़ने के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी समय-समय पर ग्रामीणों को देने की मांग की है।
वर्धा के आष्टी-शहिद तहसील में बाघ के हमले में किसान की मौत के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। बाघ को तत्काल पकड़ने और ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग को लेकर किसानों ने वन विभाग कार्यालय पर मोर्चा निकाला।
किसानों ने वन विभाग से बाघ की तलाश तेज करने तथा उसे जल्द से जल्द पकड़कर सुरक्षित स्थान पर ले जाने की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि बाघ के लगातार क्षेत्र में घूमने से किसानों में भय बना हुआ है और कई लोग खेतों में जाने से भी डर रहे हैं।
स्थिति को देखते हुए वन विभाग ने बाघ के बंदोबस्त तक प्रभावित क्षेत्र में 24 घंटे गश्त रखने की कार्रवाई शुरू की है। वनकर्मियों की टीमें क्षेत्र में निगरानी कर रही हैं। ग्रामीणों ने मांग की है कि बाघ को जल्द पकड़ा जाए, ताकि लोगों में बना डर खत्म हो और खेती-किसानी का काम सामान्य रूप से शुरू हो सके।