Gas Supply Crisis( सोर्स: सोशल मीडिया ) 
वर्धा

वर्धा: गैस संकट से स्कूलों की मध्यान्ह भोजन योजना पर संकट, शिक्षकों ने मांगा सरकार से मार्गदर्शन

Wardha LPG News: ईरान-इजराइल युद्ध के कारण एलपीजी आपूर्ति बाधित होने से महाराष्ट्र के स्कूलों में मध्यान्ह भोजन योजना संकट में है। शिक्षक संगठन ने सरकार से वैकल्पिक व्यवस्था की मांग की है।

रूपम सिंह

Wardha Gas Supply Crisis News: ईरान-अमेरिका-इजराइल के बीच चल रहे युद्ध के कारण देशभर में एलपीजी गैस की आपूर्ति प्रभावित हो रही है। इसका सीधा असर ग्रामीण क्षेत्र की वर्धा जिला परिषद स्कूलों में संचालित मध्यान्ह भोजन योजना पर पड़ रहा है। महाराष्ट्र राज्य प्राथमिक शिक्षक समिति की ओर से शिक्षण संचालक (प्राथमिक) को पत्र भेजकर इस संबंध में तत्काल मार्गदर्शन करने की मांग की गई है।

समिति ने बताया कि वर्तमान परिस्थितियों में एलपीजी सिलेंडर की उपलब्धता बेहद सीमित हो गई है। शहरी क्षेत्रों में लगभग 25 दिनों बाद गैस सिलेंडर की बुकिंग मिल रही है, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में यह अवधि बढ़कर 45 दिनों तक पहुंच गई है। ऐसे में जिला परिषद स्कूलों में मध्यान्ह भोजन योजना को नियमित रूप से संचालित करना शिक्षकों और स्कूल प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनता जा रहा है।

सरकार की ओर से मध्यान्ह भोजन योजना के लिए प्रत्येक स्कूल को केवल एक एलपीजी सिलेंडर उपलब्ध कराया गया है। वर्तमान संकट की स्थिति में उस एक सिलेंडर का समय पर मिलना भी कठिन हो गया है। कई स्थानों पर गैस खत्म होने के बाद नया सिलेंडर मिलने में लंबा समय लग रहा है, जिससे छात्रों के लिए भोजन बनाना मुश्किल हो रहा है।

राज्य के वर्धा जिला परिषद स्कूल अप्रैल महीने के अंत तक संचालित रहते हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में विद्यार्थियों को मिलने वाले मध्यान्ह भोजन पर प्रश्नचिन्ह खड़ा हो गया है। शिक्षक संगठन का कहना है कि यदि गैस सिलेंडर समय पर उपलब्ध नहीं हुआ तो छात्रों को भोजन देना संभव नहीं होगा।

लकड़ी के लिए अनुदान का नहीं प्रावधान

पूर्व में सरकार की ओर से वर्धा स्कूलों में चूल्हा जलाने के लिए लकड़ी खरीदने हेतु अनुदान दिया जाता था। उस समय भोजन पकाने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था उपलब्ध रहती थी, लेकिन बाद में गैस व्यवस्था लागू होने के बाद यह अनुदान बंद कर दिया गया, वर्तमान संकट की स्थिति में लकड़ी खरीदने के लिए भी स्कूलों के पास कोई आर्थिक प्रावधान नहीं है।

महाराष्ट्र राज्य प्राथमिक शिक्षक समिति ने मांग की है कि गैस आपूर्ति सामान्य होने तक सरकार को स्कूलों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था करनी चाहिए। समिति ने यह भी स्पष्ट किया है कि विद्यार्थियों के पोषण से जुड़ी इस महत्वपूर्ण योजना को प्रभावित होने से बचाने के लिए सरकार को जल्द से जल्द स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने चाहिए, ताकि स्कूल प्रशासन और शिक्षक उचित व्यवस्था कर सकें।

  • एलपीजी सिलेंडर की उपलब्धता बेहद सीमित
  • ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिनों बाद सिलेंडर की बुकिंग
  • मध्यान्ह भोजन योजना को नियमित रूप से संचालित करना चुनौती
  • सिलेंडर उपलब्ध न होने से छात्रों को भोजन देना संभव नहीं होगा
क्रमांक तहसील गैस सिलेंडर उपलब्ध पाठशालाओं की संख्या
1 वर्धा 161
2 सेलू 119
3 देवली 136
4 हिंगनघाट 175
5 समुदपुर 175
6 आर्वी 145
7 आष्टी 81
8 कारंजा 46
कुल 1038

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