Wardha Nagar Parishad: वर्धा नगर परिषद की आम सभा शुक्रवार को शुरू होते ही पार्षदों के हंगामे के कारण स्थगित करनी पड़ी। पार्षदों
ने आरोप लगाया कि पिछली आम सभा की कार्यवाही (मिनट्स) की पुष्टि का विषय एजेंडा में शामिल नहीं किया गया है। इस पर सभी पार्षदों ने एकमत से बैठक स्थगित करने की मांग की, जिसके बाद सामान्य सभा रद्द कर दी गई।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार 10 जुलाई को वर्धा नगर परिषद की आम सभा आयोजित की गई थी। बैठक के संबंध में निर्वाचित एवं मनोनीत पार्षदों को पूर्व में लिखित सूचना भी दी गई थी। शुक्रवार सुबह जैसे ही परिषद सभागार में बैठक की कार्यवाही शुरू होने वाली थी, कुछ पार्षदों ने आपत्ति जताते हुए कहा कि पिछली बैठक की कार्यवाही की पुष्टि का विषय एजेंडा में शामिल नहीं किया गया है।
पार्षदों ने मांग की कि पहले एजेंडा में पिछली बैठक की कार्यवाही की पुष्टि का प्रस्ताव शामिल किया जाए, उसके बाद ही सामान्य सभा की कार्यवाही शुरू की जाए। इसी मांग को लेकर लगभग आधे घंटे तक हंगामा चलता रहा। अंततः प्रशासन ने सामान्य सभा स्थगित करने का निर्णय लिया। उल्लेखनीय है कि नप में जनप्रतिनिधियों के निर्वाचित होने के बाद यह चौथी सामान्य सभा थी, जिसे हंगामे के कारण स्थगित करना पड़ा।
वर्धा नगर परिषद में निर्वाचित एवं मनोनीत मिलाकर कुल 44 नगरसेवक है। शुक्रवार की बैठक में नगराध्यक्ष सहित 41 जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। जबकि नगरसेवक वंदना भुते, सोनाली तडसे, शेख तरन्नुम शेख नौशाद तथा मनोनीत नगरसेवक कमलेश आकरे बैठक में अनुपस्थित रहे।