Ulhasnagar Municipal Corporation: उल्हासनगर मनपा के चिकित्सा स्वास्थ्य विभाग ने पीसीपीएनडीटी अधिनियम के उल्लंघन के खिलाफ सख्त कदम उठाते हुए शहर के एक सोनोग्राफी केंद्र के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है।
उल्हासनगर-5 स्थित भगवान अस्पताल के सोनोग्राफी केंद्र में नियमों का गंभीर उल्लंघन पाए जाने और मशीन का संचालन एक अयोग्य व्यक्ति द्वारा किए जाने का खुलासा होने के बाद मनपा की टीम ने अचानक छापा मारकर केंद्र को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। इस कार्रवाई से शहर के चिकित्सा क्षेत्र में हलचल मच गई है और प्रशासन ने अवैध चिकित्सा पद्धतियों के खिलाफ कड़ा संदेश दिया है।
उल्हासनगर मनपा की चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी एवं संबंधित प्राधिकारी डॉ. मोहिनी धर्मा के मार्गदर्शन में मनपा की चिकित्सा टीम ने इस केंद्र का अचानक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि पीसीपीएनडीटी अधिनियम के नियमों का गंभीर उल्लंघन किया जा रहा था। हालांकि उक्त सोनोग्राफी केंद्र पीसीपीएनडीटी अधिनियम के तहत पंजीकृत है, फिर भी जांच में सामने आया कि सोनोग्राफी मशीन का दुरुपयोग किया जा रहा था।
निरीक्षण के दौरान एक अयोग्य और अप्रशिक्षित व्यक्ति को सोनोग्राफी मशीन का संचालन करते हुए पाया गया, जो चिकित्सा नियमों के अनुसार अत्यंत गंभीर मामला माना जाता है। इन सभी तथ्यों को ध्यान में रखते हुए पीसीपीएनडीटी अधिनियम की धारा 20(2) के तहत संबंधित सोनोग्राफी केंद्र का पंजीकरण तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया गया और केंद्र को सील कर दिया गया। मनपा की इस कार्रवाई ने शहर के अन्य सोनोग्राफी केंद्रों को कानून का सख्ती से पालन करने की स्पष्ट चेतावनी दी है।
चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मोहिनी धर्मा ने स्थानीय पत्रकारों को बताया कि पीसीपीएनडीटी अधिनियम का कड़ाई से पालन करना आवश्यक है। इसलिए शहर के सभी सोनोग्राफी केंद्रों का नियमित निरीक्षण किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे ऐसे संदिग्ध मामलों की सूचना प्रशासन को देकर सहयोग करें।